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       <title>Today UAE News | Latest UAE News | Breaking UAE News in English | Latest UAE News Headlines - Inkhabar</title>
        <description>आज का UAE समाचार:Today UAE News ,Latest UAE News,Aaj Ka Samachar ,UAE समाचार ,Breaking UAE News in Hindi, Latest News Headlines - GauravshaliBharat</description>
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        </image><item><title>OPEC का बड़ा फैसला: जून से तेल उत्पादन बढ़ेगा</title><link>https://gauravshalibharat.com/world/opecs-big-decision-oil-production-will-increase-from-june-2636/</link><pubDate>May 4, 2026, 7:00 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2026/05/IMG_3697.gif</image><category>दुनिया</category><excerpt>वैश्विक तेल बाज़ार में हलचल के बीच OPEC और उसके सहयोगी देशों ने बड़ा फैसला लिया है। समूह के सात प्रमुख देशों ने जून से रोज़ाना 1.88 लाख बैरल तेल उत्पादन बढ़ाने पर सहमति जताई है। इस फैसले में सऊदी अरब, रूस, इराक, कुवैत, अल्जीरिया, कजाकिस्तान और ...</excerpt><content>&lt;p&gt;वैश्विक तेल बाज़ार में हलचल के बीच OPEC और उसके सहयोगी देशों ने बड़ा फैसला लिया है। समूह के सात प्रमुख देशों ने जून से रोज़ाना 1.88 लाख बैरल तेल उत्पादन बढ़ाने पर सहमति जताई है। इस फैसले में सऊदी अरब, रूस, इराक, कुवैत, अल्जीरिया, कजाकिस्तान और ओमान शामिल हैं। इन देशों का यह कदम वैश्विक मांग और आपूर्ति के संतुलन को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।&lt;/p&gt;
&lt;p&gt;तेल उत्पादन बढ़ाने का यह निर्णय ऐसे समय में आया है जब अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी है। माना जा रहा है कि उत्पादन बढ़ने से सप्लाई में सुधार होगा, जिससे कीमतों पर दबाव आ सकता है।&lt;/p&gt;
&lt;p&gt;गौरतलब है कि हाल ही में संयुक्त अरब अमीरात के OPEC से अलग होने की खबरों के बीच यह फैसला और भी अहम माना जा रहा है। इससे यह संकेत मिलता है कि OPEC  समूह अब भी बाज़ार को स्थिर रखने के लिए सामूहिक रणनीति पर काम कर रहा है। आने वाले महीनों में इस फैसले का असर वैश्विक अर्थव्यवस्था, खासकर ऊर्जा आयात करने वाले देशों पर साफ़ तौर पर देखने को मिल सकता है।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>परमाणु हथियार पर ट्रंप का बयान, ईरान को लेकर फिर गरमाई बहस</title><link>https://gauravshalibharat.com/world/trumps-statement-on-nuclear-weapons-debate-over-iran-heats-up-again-2508/</link><pubDate>May 2, 2026, 3:40 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2026/05/Trump-300x169.webp</image><category>दुनिया</category><excerpt>अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि किसी भी सैन्य कार्रवाई के लिए संसद की अनुमति लेना अनिवार्य नहीं है। ट्रंप ने अपने बयान में कहा, “पागलों को परमाणु हथियार नहीं दिए जा सकते,” जिससे उन्होंने...</excerpt><content>&lt;p&gt;अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि किसी भी सैन्य कार्रवाई के लिए संसद की अनुमति लेना अनिवार्य नहीं है। ट्रंप ने अपने बयान में कहा, “पागलों को परमाणु हथियार नहीं दिए जा सकते,” जिससे उन्होंने ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर एक बार फिर कड़ा रुख दिखाया है। डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में त्वरित निर्णय लेना जरूरी होता है और ऐसे फैसलों के लिए संसद की अनुमति हमेशा अनिवार्य नहीं होती। उनके इस बयान को अमेरिका की विदेश नीति और सैन्य रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।&lt;/p&gt;
&lt;h3&gt;सहयोगी देशों को हथियार देने की बात&lt;/h3&gt;
&lt;p&gt;ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका अपने सहयोगी देशों को सैन्य सहायता जारी रखेगा। उन्होंने इज़रायल, कतर और संयुक्त अरब अमीरात को हथियार देने की बात कही है। इस बयान के बाद पश्चिम एशिया में एक बार फिर भू-राजनीतिक तनाव और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। ईरान को लेकर अमेरिका और उसके सहयोगी देशों के बीच पहले से ही तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। ट्रंप के इस बयान ने इस मुद्दे को और अधिक सुर्खियों में ला दिया है। वहीं, इजरायल, कतर और UAE जैसे देशों को लेकर भी अमेरिका की रणनीतिक नीति पर ध्यान केंद्रित हो गया है। ट्रंप के इस बयान ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति में नई बहस को जन्म दे दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे बयान आने वाले समय में मध्य पूर्व की स्थिति को और जटिल बना सकते हैं।&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>2672 करोड़ बैंक केस में फरार आरोपी CBI के हत्थे, UAE से प्रत्यर्पण के बाद गिरफ्तारी</title><link>https://gauravshalibharat.com/delhi/fugitive-accused-in-%e2%82%b92672-crore-bank-fraud-case-nabbed-by-cbi-arrested-following-extradition-from-uae-2470/</link><pubDate>May 2, 2026, 1:50 pm</pubDate><image>wp-content/uploads/2026/05/CBI-300x169.webp</image><category>दिल्ली</category><excerpt>नयी दिल्ली: दिल्ली में 2672 करोड़ रुपये की बैंक धोखाधड़ी के बड़े मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को अहम सफलता मिली है। एजेंसी ने लंबे समय से फरार चल रहे आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। इस केस में गणेश ज्वैलर...</excerpt><content>&lt;p&gt;&lt;strong&gt;नयी दिल्ली: &lt;/strong&gt;दिल्ली में 2672 करोड़ रुपये की बैंक धोखाधड़ी के बड़े मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को अहम सफलता मिली है। एजेंसी ने लंबे समय से फरार चल रहे आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें गिरफ्तार कर लिया है। इस केस में गणेश ज्वैलरी हाउस का नाम सामने आने के बाद जांच तेज कर दी गई थी।&lt;/p&gt;
&lt;p&gt;सीबीआई की जांच में सामने आया कि कंपनी से जुड़े लोगों पर बैंकों के साथ बड़े स्तर पर वित्तीय अनियमितताएं करने का आरोप है। इसी कड़ी में मुख्य आरोपी कमलेश पारेख  को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से प्रत्यर्पित कर भारत लाया गया, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। अधिकारियों के मुताबिक, यह गिरफ्तारी केस में एक बड़ी प्रगति मानी जा रही है।&lt;/p&gt;
&lt;p&gt;जांच एजेंसी अब इस पूरे घोटाले के नेटवर्क और अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका की भी पड़ताल कर रही है। सीबीआई का कहना है कि मामले से जुड़े सभी पहलुओं की गहराई से जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई के बाद यह साफ संकेत गया है कि बड़े वित्तीय अपराधों में शामिल आरोपियों को कानून के शिकंजे से बचना आसान नहीं है, चाहे वे देश में हों या विदेश में।&lt;/p&gt;
&lt;p&gt;&amp;nbsp;&lt;/p&gt;
</content></item><item><title>भारत के व्यापार समझौतों से निर्यात और द्विपक्षीय व्यापार में तेज़ वृद्धि</title><link>https://gauravshalibharat.com/business/indias-trade-agreements-drive-rapid-growth-in-exports-and-bilateral-trade-2435/</link><pubDate>May 2, 2026, 10:50 am</pubDate><image>wp-content/uploads/2026/05/IMG_3623-300x169.webp</image><category>देश</category><excerpt>नयी दिल्ली: केन्द्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और ब्रिटेन के व्यापार मंत्री पीटर काइल ने दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की। उन्होंने कॉम्प्रिहेंसिव इकॉनमिक एंड ट्रेड एग्रीमेंट (CETA) के तहत मिलने वाले ...</excerpt><content>&lt;p&gt;&lt;b&gt;नयी दिल्ली: &lt;/b&gt;केन्द्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और ब्रिटेन के व्यापार मंत्री पीटर काइल ने दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की। उन्होंने कॉम्प्रिहेंसिव इकॉनमिक एंड ट्रेड एग्रीमेंट (CETA) के तहत मिलने वाले अवसरों का बेहतर उपयोग करने पर भी विचार किया। गोयल ने बताया कि इस समझौते पर पिछले साल 24 जुलाई को हस्ताक्षर हुए थे, जिसके तहत भारत के 99% निर्यात पर ब्रिटेन में कोई शुल्क नहीं लगेगा। इसके अलावा, गोयल ने भारत और यूएई के बीच मई 2022 में लागू हुए फ्री ट्रेड एग्रीमेंट का जिक्र करते हुए कहा कि इससे दोनों देशों के बीच व्यापार 100 अरब डॉलर से अधिक हो गया है। उन्होंने बताया कि वस्तुओं के साथ-साथ सेवाओं का व्यापार भी लगातार बढ़ रहा है। 2024-25 में दोनों देशों का व्यापार 100.03 अरब डॉलर था, जो 2025-26 में बढ़कर 101.25 अरब डॉलर हो गया। भारत का यूएई को निर्यात भी लगभग 2% बढ़कर 37.36 अरब डॉलर पहुंच गया।&lt;/p&gt;
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