चंडीगढ़ : पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने बुधवार को वह याचिका खारिज कर दी जिसमें चुनाव आयोग के करनाल विधान सभा उपचुनाव करवाने को चुनौती दी गयी थी। करनाल विधानसभा सीट पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के पिछले महीने करनाल से विधायक के रूप में इस्तीफा देने से रिक्त हुई थी। चुनाव आयोग ने लोकसभा चुनाव के साथ ही यानी 25 मई (छठे चरण) को विधानसभा सीट पर उपचुनाव कराने की घोषणा की थी।
करनाल के एक निवासी ने चुनाव आयोग के फैसले को चुनौती थी, जिसे न्यायाधीश सुधीर सिंह और न्यायाधीश हर्ष बंगर की पीठ ने आज खारिज कर दिया। चुनौती का आधार यह था कि हरियाणा विधानसभा का कार्यकाल पूरा होने में एक साल से भी कम का समय है, इसीलिये नियमानुसार उपचुनाव नहीं करवाये जा सकते।
लोकसभा चुनाव में सीटों का तालमेल न हो पाने के कारण भाजपा के अचानक जननायक जनता पार्टी से गठबंधन तोड़ने के बाद पिछले महीने मनोहर लाल खट्टर सरकार ने इस्तीफा दे दिया था। भाजपा विधायक दल ने नायब सैनी को नेता चुना जिसके बाद श्री खट्टर ने विधानसभा सीट से भी इस्तीफा दे दिया और पार्टी ने उन्हें करनाल लोकसभा क्षेत्र से अपना प्रत्याशी घोषित किया। श्री सैनी, जो भाजपा प्रदेशाध्यक्ष थे, विधानसभा उपचुनाव में पार्टी प्रत्याशी होंगे।
करनाल विस उपचुनाव को चुनौती देने वाली याचिका खारिज
