नई दिल्ली : अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) ने पांच पी. यानी प्रवेश, पाठ्यक्रम, परिसर परीक्षा, परिणाम और परिसर के मुद्दे के साथ विद्यार्थियों के बीच जाने का फैसला किया है।
अभाविप ने शनिवार को यहां 27 सितंबर को होने वाले दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू) चुनाव के लिए अपना संकल्प पत्र (घोषणापत्र) जारी कर दिया, जिसमें परिषद ने विद्यार्थियों को तनावमुक्त माहौल प्रदान करने का वादा किया है। इस मौके पर अभाविप के राष्ट्रीय महामंत्री याज्ञवल्क्य शुक्ल ने कहा कि अभाविप दिल्ली विश्वविद्यालय में पढ़ाई करने के लिए आने वाले देश के विभिन्न हिस्सों के छात्रों की सहायता और भलाई के लिए वचनबद्ध है। उन्होंने कहा, “इस बार अभाविप ने डूसू चुनाव में पांच पी. यानी प्रवेश, पाठ्यक्रम, परिसर परीक्षा, परिणाम और परिसर के मुद्देके साथ विद्यार्थियों के बीच जाने की जाने का फैसला लिया है।” उन्होंने ने दावा किया कि इस बार के चुनाव में अभाविप चारों पदों यानी डूसू अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव और संयुक्त सचिव पर जीत हासिल करेगी।
इस मौके पर श्री शुक्ल के अलावा अभाविप के दिल्ली प्रदेश के मंत्री हर्ष अत्री डूसू चुनाव के लिए अभाविप के उपाध्यक्ष पद के उम्मीदवार भानु प्रताप सिंह और संयुक्त सचिव पद के उम्मीदवार अमन कपासिया उपस्थित थे।
अभाविप ने अपने घोषणा पत्र में प्रत्येक महाविद्यालय में बालिका छात्रावास को अनिवार्यत बनाने, छात्रावासों में अधिक से अधिक विद्यार्थियों को समायोजित करने के लिए नये छात्रावासों का निर्माण करवाने, सभी कॉलेजों में आंतरिक शिकायत समिति (आईसीसी) और सभी कॉलेजों और छात्राओं के छात्रावासों में सेनेटरी नैपकिन वेंडिंग मशीनें लगवाने का वादा किया है।
इसके साथ ही अभाविप दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए सुलभ बुनियादी ढांचा और उपलब्ध करवाने, बाहर से आकर पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों के हितों की रक्षा के लिए निजी छात्रावास मालिकों, जमींदारों एवम् छात्र प्रतिनिधियों की समन्वय समिति का गठन करने और अनुसूचित जाति एवं जन जाति और अन्य पिछड़े वर्ग (एससी/एसटी/ओबीसी)के लिए छात्रवृत्ति और डीए में वृद्धि के मुताबिक छात्रवृत्ति को मूल्य सूचकांक से जोड़वाने का वादा किया है।
इसके अलावा विद्यार्थियों पर पड़ने वाले मानसिक दबाव कम करने के लिए काउंसलिंग सत्र आयोजित करने, दिल्ली विवि के समस्त महाविद्यालयों में आधारभूत संरचना के स्तर में उन्नयन करके एक समान स्थिति पर लाने का प्रयास करने, स्नातकोतर स्तर में एक पाठ्यक्रम एक शुल्क की व्यवस्था करवाने, विधि संकाय की भाँति अंतिम सत्र के विद्यार्थियों के लिए त्वरित पूरक परीक्षा के लिए प्रयास करने, सभी महाविद्यालयों में चौबीसों घंटे वाचनालय (पढ़ने की व्यवस्था)व्यवस्था करने के लिए प्रयास करने का वादा किया है।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति के बिंदुओं के उत्तरोत्तर क्रियान्वयन के लिए विवि स्तर पर आग्रह करने,महाविद्यालय एवं विवि परिसर में नि: शुल्क वाईफाई इंटरनेट सुविधा प्रदान करने का प्रयास करने, विश्वविद्यालय स्तर पर केंद्रीय प्लेसमेंट सेल द्वारा बड़े स्तर पर प्लेसमेंट मेला आयोजित करने और केंद्रीय प्लेसमेंट सेल और महाविद्यालयों के प्लेसमेंट सेल के बीच विद्यार्थी हित में समन्चय करने का भी वादा अभाविप के घोषणापत्र में शामिल है।
अभाविप ने सभी विद्यार्थियों के लिए प्रशासनिक और शैक्षणिक आवश्यकताओं के लिए एकल डैशबोर्ड स्थापित करने, विभिन्न इंटर्नशिप (अकादमिक, शोध, कला, सेवा, पर्यावरण, सोशल मीडिया, विधि) का प्रबंध करवाने, पत्रकारिता विभाग को सुदृढ़ करने,उद्योगोन्मुख पाठ्यक्रमों एवं लोकोपयोगी शोध के लिए गतिविधियों को बढ़ावा देने और विद्यार्थियों के कौशल संवर्धन के लिए सेमिनार और कार्यशालाओं का व्यापक आयोजन करने का वादा भी अपने घोषणा पत्र में किया है।
पांच पी. के साथ डूसू चुनाव में विद्यार्थियों के बीच जाएगी अभाविप
