बारां : राजस्थान में बारां शहर समेत जिले में गौवंश में संभावित लंपी स्किन वायरस बीमारी का अंदेशा हो रहा है। जिला मुख्यालय स्थित राजकीय पशु चिकित्सालय में कोई आधा दर्जन गाये मरणासन्न अवस्था में दुबकी पड़ी है। उधर, पशु चिकित्सालय के बारां प्रभारी महेश सुमन ने बताया कि शहर में लंपी वायरस से तो सम्बन्धित कोई केश मेरे सामने नहीं आया है। लेकिन विभिन्न लक्षण से ग्रस्त कोई आधा दर्जन से अधिक गायों की हालत खराब जरूर है।
एक सप्ताह के अंतर्गत पांच गायों की मौत होने की उन्होंने पुष्टी जरूर की है। यह नज़ारा उस समय सामने आया जब अग्रसेन सेवा समिति के सदस्य अग्रसेन जयंती पर गौवंश को औषधीय गुणों से युक्त निर्मित लड्डूओ को खिलाने अंदर पहुंचे। वहां उपचारार्थ गायों में आधा दर्जन गाय गम्भीर बीमारी से ग्रस्त होकर मरणासन्न अवस्था में थी। जहां उनकी सार संभाल करने वाला कोई नहीं है। एक गो भक्त जरूर ऐसी गायों की सेवा में जुटा था। राजकीय पशु चिकित्सालय परिसर का हाल भी बेहाल था।
गौवंश की सेवाएं देने में जुटे रहने वाले रिंकू भटनागर ने पत्रकारों को बताया कि राजकीय पशु चिकित्सालय अव्यवस्था तथा बदइंतजमियो से घिरा है। दुर्घटनाओं की शिकार होकर आने वाली गायो का भी उपचार करने में लापरवाही बरतते है। कार्मिकों का ड्यूटी पर आने जाने का कोई समय नहीं है। पशु चिकित्सालय के बारां प्रभारी महेश सुमन ने बताया कि शहर में वैसे तो लंपी वायरस से सम्बन्धित कोई केश सामने नहीं आया है।
कुछ गाये मौसम के अनुकूल एलर्जी से ग्रस्त भी होती है। कुछ में अलग बीमारी के लक्षण पाए जाते हैं, कुछ दुर्घटनाग्रस्त गौवंश भी है। आधा दर्जन से अधिक गायो की दुर्दशा पर प्रभारी का कहना है कि कहा इनकी हालत खराब है। उन्होंने बताया कि बीते एक सप्ताह के दिनों के बीच पांच गायों की मौत हुई है। अकेले बारां शहर में अभी तक 1100 गायों का वैक्सीनेशन किया गया है।
