चंडीगढ़ : हरियाणा में सार्वजनिक व्यवस्था में गड़बड़ी के दौरान संपत्ति को हुए नुकसान की वसूली नियम को अंतिम रूप देने के संबंध में एक प्रस्ताव को स्वीकृति प्रदान की गई। ये नियम राजपत्र में उनके प्रकाशन की तारीख से लागू होंगे। यह निर्णय आज यहां मुख्यमंत्री मनोहर लाल की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में लिया गया। किसान आंदोलन के दौरान राज्य सरकार ने पिछले साल एक अप्रैल को ‘हरियाणा लोक व्यवस्था में गड़बड़ी के दौरान संपत्ति को हुए नुकसान की वसूली अधिनियम, 2021’ बनाया था, जिसके नियम बनाये गये हैं।
बैठक में लिये गये एक और फैसले के अनुसार कारगिल युद्ध में शहीद हरियाणा में फरीदाबाद जिले से सिपाही वीरेंद्र कुमार के परिवार को 200 वर्ग गज का एक भूखंड दिया जाएगा। फरीदाबाद जिले के बल्लभगढ़ खंड के ग्राम पंचायत मोहना ने वर्ष 2020 में इस संदर्भ में एक प्रस्ताव दिया था, जिसे आज स्वीकृति प्रदान की गई। ग्राम पंचायत शहीद सिपाही की मां लीला देवी को उक्त भूमि शामलात देय भूमि में से उपहार स्वरूप देगी। सिपाही वीरेंद्र कुमार 16 जुलाई,1999 को कारगिल युद्ध में शहीद हो गए थे।
कैबिनेट के एक और फैसले के तहत हरियाणा लोक सेवा आयोग (एचपीएससी) के माध्यम से आयुष चिकित्सकों के 205 पद भरे जाएंगे। इसके तहत आयुर्वेदिक चिकित्सा अधिकारी के 175 पद, रेजिडेंट फिजिशियन, यूनानी चिकित्सक, आयुर्वेद चिकित्सक के चार पद, यूनानी चिकित्सा अधिकारी के आठ पद और होम्योपैथिक चिकित्सा अधिकारी के 18 पद भरे जाएंगे। पहले यह निर्णय लिया गया था कि आयुष डॉक्टरों की भर्ती को हरियाणा लोक सेवा आयोग के दायरे से बाहर किया जाएगा, लेकिन अब ये सभी पद एचपीएससी के माध्यम से ही भरे जाएंगे।
कैबिनेट के निर्णयानुसार फरीदाबाद और गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यकारी अधिकारी के रूप में सचिव या उससे ऊपर के रैंक के अधिकारी को नियुक्त किया जा सकगा। इससे पहले, प्रधान सचिव या इससे ऊपर के रैंक के अधिकारी को सीईओ के रूप में नियुक्त करने का प्रावधान था।
मंत्रिमंडल ने हरियाणा वाहन स्क्रैपेज नीति बनाने के ड्राफ्ट को स्वीकृति प्रदान की जिसके तहत 10 वर्ष की अवधि पूरी कर चुके डीजल वाहनों तथा 15 वर्ष की अवधि पूरी चुके पेट्रोल वाहनों को परिवहन के अयोग्य किया जा सकेगा। यह नीति भारत सरकार के स्वैच्छिक वाहन बेड़े के आधुनिकीकरण कार्यक्रम के साथ लिंक करके तैयार की गई है। कैबिनेट की बैठक में हरियाणा कौशल रोजगार निगम लिमिटेड के माध्यम से चौबीसों घंटे प्रभावी संचालन और इमरजेंसी रिस्पांस व्हीकल (ईआरवी) की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए 1500 चालकों की भर्ती करने के प्रस्ताव को भी स्वीकृति प्रदान की गई। यह भर्ती निगम के माध्यम से एक वर्ष की अवधि के लिए हरियाणा पुलिस अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार की जाएगी।
संपत्ति नुकसान वसूली नियमों को स्वीकृति
