हिसार : चीन में अनेक लोगों को लील रहे कोरोना वायरस के नये वैरिएंट ने भारत में भी कोरोना संक्रमण के फैलने की आशंका के मद्देनजर चिंता बढ़ानी शुरू कर दी हैं। इसी के मद्देनजर यहां महाराजा अग्रसेन मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल प्रबंधन ने आपात स्थिति से निपटने के लिये गुरुवार को एक बैठक में तैयारियों की समीक्षा की जिसकी अध्यक्षता कॉलेज निदेशक डॉ अलका छाबड़ा ने की। उन्होंने कहा कि कोरोना संक्रमण अभी खत्म नहीं हुआ है। भारत में स्थिति हालांकि चिंताजनक नहीं है और हालात बेहतर स्थिति में है।
श्री छाबड़ा ने एहतियातन सभी को सतर्क रहने और मजबूत तैयारी करने के निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि हम किसी भी स्थिति का मुकाबला करने के लिए तैयार हैं। महाराजा अग्रसेन मेडिकल कॉलेज ने पहले भी कोरोना वायरस से जमकर जंग लड़ी है और ऐसी किसी आपात स्थिति के लिये पुन: तैयार हैं। डॉ छाबड़ा के अनुसार अस्पताल में दवाइयों का पूरा कोटा है और अन्य आवश्यक दवाओं की खरीदारी के भी निर्देश दिये गये हैं। ऑक्सीजन के लिये पीएसए प्लांट को सुचारु करने के लिए निर्देश दिये गये हैं।
कोविड वार्ड में आवश्यक वस्तुओं की कमी न हो, इसके लिए स्टॉक तैयार करने के लिए एक सूनी बनाई गई है। मेडिकल स्टाफ, नर्सिंग और पैरामेडिकल छात्रों को कोविड सम्बंधी प्रशिक्षण देने के भी निर्देश दिये जिसमें वेंटिलेटर चलाने और अन्य जरूरी जानकारियां दी जाएंगी। उन्हाेंने अधिकारियों को अस्पताल आने वाले मरीज और परिजनों की सैम्पलिंग करने को भी कहा।
निदेशक प्रशासन डॉ आशुतोष शर्मा ने वेंटिलेटर की जांच करने, मरम्मत करने और नए बेड खरीदने के लिए सम्बधित विभागों से जानकारी मांगी है। उल्लेखनीय है कि विश्वभर में एक हफ्ते में कोरोना के 35 लाख नये मामले सामने आए हैं जिसके चलते बैठक में नए वैरिएंट की चुनौती को लेकर जल्दी जांच, आइसोलेशन, टेस्टिंग और संदिग्ध तथा पाजिटिव मामलों के सही प्रबंधन पर जोर दिया गया है।
