छिंदवाड़ा : शिवराज सिंह चौहान ने आज कहा कि कमलनाथ ने मुख्यमंत्री रहते सवा साल में केवल भ्रष्टाचार किया। चौहान ने यहां जनसभा को संबोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने मेडिकल कॉलेज के लिए 800 करोड़ रुपये की स्वीकृति किये हैं। हम 800 करोड़ में यहाँ शानदार मेडिकल कॉलेज बनायेंगे। उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा में सारे विकास के काम तो भाजपा सरकार ने किये है।
उन्होंने कहा कि कमलनाथ सरकार ने गरीब कल्याण की सभी योजनाएं बंद कर दी। कमलनाथ ने बैगा, भारिया और सहरिया जनजाति की बहनों को 1,000 रुपये देना बंद कर दिया। हमने जब कहा कि बहनों को 1,000 रुपये देंगे, तो कहने लगे कि 1,500 रुपये कांग्रेस देगी। उन्होंने कहा कि युवाओं को बेरोजगारी भत्ता तो नहीं दिया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार सरकारी नौकरी में 1,24,000 पदों पर भर्ती कर रही हैं। उन्होंने कहा कि हमने युवा नीति जारी करके मुख्यमंत्री युवा कौशल योजना बनाई है, जिसमें युवा काम सीखेंगे और 8,000 रुपये प्रतिमाह भी मिलेगा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने केवल प्रदेश को तबाह और बर्बाद किया था।
चौहान ने कार्यकर्ताओं से आव्हान करते हुए कहा कि संकल्प लीजिए कि हम अमित शाह के मार्गदर्शन में सातों विधानसभा सीटें जीतेंगें और छिंदवाड़ा को कांग्रेस-मुक्त करेंगे। वहीं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा ने कहा कि केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में भारतीय जनता पार्टी दुनिया का सबसे बड़ा राजनैतिक दल बना है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश के 16 राज्यों में भाजपा की सरकारें जनता की सेवा के काम कर रही है।
इसके पीछे शाह की रणनीति है। उन्होंने देश में भाजपा का परचम फहराया है। यहां से महाविजय के महासंकल्प का शुभारंभ होगा। उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा किसी व्यक्ति का गढ़ नहीं है बल्कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की जनकल्याणकारी योजनाओं के हितग्राहियों का गढ़ है। यहां 12 लाख आयुष्मान कार्डधारी मौजूद है। आज हम सभी संकल्प लें कि छिंदवाड़ा की सातों विधानसभा सीटें और लोकसभा सीट जीतकर भाजपा परचम फहरायेंगे और इतिहास बनायेंगे।
इस अवसर पर केन्द्रीय मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते, प्रदेश शासन के मंत्री नरोत्तम मिश्रा, कमल पटेल, प्रदेश प्रभारी मुरलीधर राव, प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद, सांसद दुर्गादास उइके, प्रदेश महामंत्री व सांसद कविता पाटीदार सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित थे।
