अगरतला : त्रिपुरा में अगले दो दिनों तक तापमान 38 से 40 डिग्री सेल्सियस बने रहने के कारण भीषण गर्मी का प्रकोप जारी रहने के आसार जताये हैं। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) ने आज यह जानकारी दी। मौसम विभाग के मुताबिक गर्मी बढ़ने और आर्द्रता 95 प्रतिशत से अधिक बने रहने से चुभन भरी गर्मी होने का अनुमान है। त्रिपुरा में लोगों को अधिकतम तापमान और अधिकतम स्तर की आर्द्रता के कारण लोग चुभन भरी गर्मी की परेशानी से जूझ रहे है। गर्मी के कारण एक सप्ताह से सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है। दक्षिण की ओर हवा चलने से हालांकि 24 घंटे में लू की स्थिति में सुधार हुआ है। आईएमडी के अधिकारियों ने यहां कहा, “बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती प्रणाली के प्रभाव से पूर्वोत्तर के अन्य हिस्सों के साथ त्रिपुरा के अलग-अलग हिस्सों में सप्ताहांत में बारिश हो सकती है।” जिससे चुभती गर्मी से थोड़ी राहत ज़रूर मिल सकेगी।
अगरतला ने 44 साल बाद मई के महीने में सोमवार को अधिकतम तापमान 39.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है। इससे पहले 31 मई, 1979 को शहर में इतना ही तापमान दर्ज किया गया था। राजधानी में अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमश: 39.6 डिग्री और 26.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 6.6 डिग्री सेल्सियस अधिक है।
मौसम विभाग ने बताया कि त्रिपुरा में अधिकतम तापमान 38-40 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने और उसके बाद इसमें थोड़ी गिरावट आने उम्मीद है। अप्रैल के अंतिम मध्य भाग में, नौ वर्षों के अंतराल के बाद राज्य में 39 डिग्री से अधिक तापमान दर्ज किया गया है, जिसने राज्य भर में बहुत गर्म और असुविधाजनक मौसम बना दिया है। राज्य में लंबे समय तक गर्मी बढ़ने और शुष्क मौसम के कारण जल स्रोत भी सूख रहे हैं, जिसके परिणामस्वरूप पर्वतीय, दूरदराज के ग्रामीण इलाकों में पीने के पानी का संकट पैदा हो गया है, जिससे लोग पानी की तलाश में सड़क पर प्रदर्शन करने को मजबूर हो गए हैं जबकि, रिपोर्टों में कहा गया है कि पिछले कुछ सप्ताहों के दौरान राज्य की बिजली की मांग पीक आवर्स में बढ़ रही है, जिसक कारण राज्य के कई हिस्सों में लगातार लोड-शेडिंग और बिजली कटौती भी देखी गई है। स्वास्थ्य अधिकारियों ने लोगों को सलाह दी कि वे धूप में बाहर न निकलें, सामान्य से अधिक पानी पीयें और हल्के, हल्के रंग के और सूती कपड़े पहनें।
त्रिपुरा में जारी रहेगा भीषण गर्मी का प्रकोप
