जम्मू : केंद्रशासित प्रदेश जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने गुरुवार को कहा कि राज्य में भगवान वेंकटेश्वर मंदिर के प्रति समर्पण से आध्यात्मिक पर्यटन, आर्थिक विकास और रोजगार के अवसर को बढ़ावा मिलेगा जिससे देश को एक बड़ी प्रेरणा मिलेगी। सिन्हा ने यहां शहर के बाहरी इलाके में शिवालिक पहाड़ियों के अंतर्गत माजीन गांव में श्री वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर (भगवान तिरुपति बालाजी) के महा संस्कारम में सभा को संबोधित करते हुए यह बात कही।
उन्होंने कहा कि भगवान वेंकटेश्वर मंदिर का समर्पण जम्मू-कश्मीर में धार्मिक पर्यटन सर्किट को मजबूत करेगा और आध्यात्मिक पर्यटन के साथ ही केंद्र शासित प्रदेश में आर्थिक विकास और रोजगार के अवसरों को भी बढ़ावा देगा।” सिन्हा ने कहा,“जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश उज्ज्वल भविष्य की ओर देख रहा है और यह हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है कि हम सामाजिक-आर्थिक विकास के कार्य में योगदान दें और आम आदमी की भागीदारी और सशक्तिकरण सुनिश्चित करें।”
उन्होंने कहा कि उम्मीद थी कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह आज के अवसर पर अपनी उपस्थिति से शोभा बढ़ाएंगे, लेकिन किसी जरूरी काम के चलते वह हमारे साथ नहीं आ सके। उपराज्यपाल ने कहा,“उन्हाेंने (शाह) शुभकामनाएं दी हैं और मुझे बताया है कि जम्मू में उनका भविष्य का कार्यक्रम श्री वेंकटेश्वर स्वामी को श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद ही शुरू होगा।”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में आगे बढने की चर्चा करते हुए श्री सिन्हा ने कहा कि अमृत काल में जम्मू-कश्मीर तेजी से आर्थिक विकास और संस्कृति के पुनरुद्धार का गवाह बन रहा है। यह केंद्र शासित प्रदेश अपनी अनंत यात्रा में गौरव, दिव्यता और विकास की नयी ऊंचाइयों को छू रहा है।”
उपराज्यपाल ने कहा,‘‘श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड, श्री कैलाख ज्योतिष और वैदिक संस्थान और कई अन्य संगठन वैदिक संस्कृति और परंपराओं को बढ़ावा देने के लिए अत्यधिक योगदान दे रहे हैं। मुझे विश्वास है कि तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम प्राथमिकता के आधार पर एक वेद पाठशाला और स्वास्थ्य केंद्र विकसित करेगा।” इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री डॉ जितेंद्र सिंह और जी कृष्ण रेड्डी के साथ टीटीडी के अध्यक्ष वाई वी सुब्बा रेड्डी भी उपस्थित थे।
