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बादल फटने के बाद आयी बाढ़ में 20 गाडियां बही

शिमला : हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जनजातीय जिले के सांगला में गुरूवार सुबह 0630 बजे फ्लैश फ्लड (तेज बहाव) में करीब 20 गाड़ियां बह गई है। कामरू और टोंगचे नाला में बादल फटने से भारी तबाही हुई है। बादल फटने के बाद आई बाढ़ में 12 परिवारों के सेब के बगीचे पूरी तरह तबाह हो गए। हालांकि घटना में किसी हताहत नहीं हुआ है लेकिन बागवानों की सालभर की सेब बगीचों की मेहनत मिट्टी में मिल गई।
फ्लैश फ्लड की वजह से पानी का बहाव इतना तेज था कि पूरा मलबा सड़कों पर आ गया। पानी के बहाव में कई गाड़ियां बहती नजर आई और मलबे की चपेट में आने से गाड़ियों को भारी नुकसान पहुंचा। कड़छम सांगला सड़क मार्ग पर यातायात पूरी तरह ठप हो गया है। टापरी के नजदीक रूनग नाला में बाढ़ आने से नेशनल हाईवे-5 अवरुद्ध हो गया है। वहीं झाकड़ी के समीप ब्रोनी नाले में जलस्तर बढ़ने से भी नेशनल हाईवे-5 पर यातायात पूरी तरह से ठप है।
हाईवे अवरुद्ध होने से शिमला और किन्नौर जिले का संपर्क कट गया है। शिलारू में भी पहाड़ी दरकने के कारण बसों को वाया सुन्नी होकर भेजा जा रहा है। भारी बारिश के बीच कुल्लू जिले के आनी उपमंडल में 20 जुलाई से 22 जुलाई तक स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिया गया है। उप जिलाधिकारी ने आनी ने यह जानकारी दी।
वहीं चंबा जिले रोजी-रोटी कमाने के लिए काम पर जा रहे दो लोग पहाड़ी से गिरे पत्थरों की चपेट में आने से चोटिल हो गए। घायलों की पहचान रवि कुमार और दिनेश कुमार निवासी सडउं के रूप में हुई है। सलूणी की मोड़ा-सालवां पंचायतों के काशनेड़ व मोड़ा नाले में आई बाढ़ से दो कारों एवं स्कूटी को नुकसान हुआ
जिलाधिकारी अपूर्व देवगन ने पक्काटाला-बालू संपर्क मार्ग पर मोटर वाहन अधिनियम के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए सभी प्रकार के वाहनों का परिचालन बंद करने के आदेश दिया हैं। आदेश में पैदल यात्रियों को भी उनकी सुविधा और जनता की सुरक्षा के अनुसार इस सड़क का उपयोग करने से मना किया गया है।
मौसम विज्ञान केंद्र ने आज शिमला, चंबा, मंडी, कुल्लू और सिरमौर के साथ अन्य इलाकों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा फ्लैश फ्लड को लेकर भी चेतावनी जारी की गई है. प्रदेश में 25 जुलाई तक मौसम खराब रहने की संभावना है, ऐसे में लोगों को एहतियात करने की अपील की गई है।
हिमाचल प्रदेश में बारिश की वजह से भारी नुकसान हो चुका है। नुकसान का आकलन करने के लिए इन दिनों केंद्रीय टीम भी हिमाचल प्रदेश के दौरे पर है। केंद्र से आई तीन अलग-अलग टीमें प्रदेश भर में नुकसान का जायजा ले रही है।

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