भोपाल : केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने घूसखोरी के मामलें में पश्चिम रेलवे के उप मुख्य अभियंता एनएचएआई के उप महाप्रबंधक, निजी व्यक्तियों सहित पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया एवं 13 स्थानों पर तलाशी ली। आधिकारिक जानकारी के अनुसार सीबीआई ने घूसखोरी के मामले में पश्चिम मध्य रेलवे, हबीबगंज, भोपाल के उप मुख्य अभियंता, तकनीशियन, मंडलीय कार्यालय, डब्ल्यू.सी.आर., भोपाल; उप महाप्रबंधक (डीजीएम) एवं परियोजना निदेशक, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण तथा दो निजी व्यक्तियों को गिरफ्तार किया।
बताया गया कि आरोपियों ने निजी ठेकेदार फ़र्म, के डिजाइन की मंजूरी/निर्माण कार्य शुरू करने की अनुमति, बकाया बिलों को पारित करने आदि से संबंधित लंबित मामलों को निपटाने के लिए उक्त ठेकेदार से अवैध रिश्वत की मांग की। आरोपियों ने कथित तौर पर एक लाख रुपये की रिश्वत की मांग की।
सीबीआई ने जाल बिछाया जिसमें मंडलीय कार्यालय, डब्ल्यूसीआर भोपाल के तकनीशियन एवं जबलपुर स्थित निजी कंपनी के कर्मचारी (जीएम) को 50,000/ रुपये की कथित रिश्वत का आदान-प्रदान करने के दौरान पकड़ा। बाद में, अन्य तीन आरोपी यथा उप मुख्य अभियंता, डब्ल्यूसीआर, एनएचएआई के डीजीएम एवं परियोजना निदेशक और जबलपुर स्थित निजी कंपनी का एक अन्य कर्मचारी भी पकड़ा गया।
आरोपियों के भोपाल, जबलपुर, कटनी, छिंदवाड़ा, इंदौर, रीवा स्थित 13 स्थानों पर तलाशी ली गई, जिसमें संपत्ति के दस्तावेजों सहित आपत्तिजनक दस्तावेज बरामद हुए। उप मुख्य अभियंता, डब्ल्यूसीआर के आवास से 5.35 लाख रुपये (लगभग) का नकद और 149 ग्राम (लगभग) सोने के आभूषण तथा डीजीएम, एनएचएआई के परिसर से 600 ग्राम (लगभग) सोने के आभूषण व 200 ग्राम (लगभग) चांदी के आभूषण भी बरामद किए गए। सभी गिरफ्तार आरोपियों को सीबीआई मामलों के विशेष न्यायाधीश, भोपाल के सामने पेश किया एवं उन्हें 28 जुलाई तक पुलिस हिरासत में भेजा गया।
रिश्वत के मामले में पांच आरोपी गिरफ्तार
