गौरवशाली भारत

देश की उम्मीद ‎‎‎ ‎‎ ‎‎ ‎‎ ‎‎

आतंकवादी भर्ती मॉड्यूल का भंडाफोड़

पीएचडी स्कॉलर समेत तीन गिरफ्तार

श्रीनगर : जम्मू-कश्मीर पुलिस ने बुधवार को दावा किया कि उसने दक्षिण कश्मीर के कुलगाम जिले में एक पीएचडी स्कॉलर सहित तीन संदिग्धों को गिरफ्तार करके आतंकवादी भर्ती मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने कहा कि कुलगाम में उनकी इकाई द्वारा जानकारी हासिल की गयी थी कि एक व्यक्तिगत कोड नाम डॉ. सबील जिला कुलगाम और आसपास के क्षेत्रों के युवाओं को उनके साथ जुड़ने के लिए प्रेरित कर रहा है। उन्हें वित्त पोषण कर रहा है और लॉजिस्टिक सहायता प्रदान कर रहा है।
उन्होंने कहा कि इस संदिग्ध की तलाश के लिए विशेष पुलिस की टीमें गठित की गईं। एक पुलिस प्रवक्ता ने कहा,“कुलगाम पुलिस के प्रणालीगत प्रयासों के बाद, जेके18बी-4852 नंबर के एक वाहन को पकड़ा गया। इसके बाद पता चला कि इस वाहन का इस्तेमाल अश्मुजी जिला कुलगाम के एक डॉ. रुबानी बशीर द्वारा किया जा रहा है। तदनुसार, अश्मुजी में पुलिस नाका स्थापित किया गया और डॉ. रुबानी को गिरफ्तार कर लिया गया। जब इस व्यक्ति से लगातार पूछताछ की गई तो उसने अपना कोड नाम डॉ. सबील बताया।”
पुलिस के मुताबिक रुबानी कश्मीर के केंद्रीय विश्वविद्यालय से पीएचडी स्कॉलर हैं और उन्होंने वहां सहायक प्रोफेसर के रूप में नौकरी के लिए आवेदन भी किया है। पुलिस ने कहा,“पूछताछ के दौरान डॉ रुबानी बशीर उर्फ डॉ सुबील ने खुलासा किया कि वह अपने छात्र जीवन से ही जमात ए इस्लामी से जुड़े रहे हैं और 14 साल तक छात्र विंग इस्लामिक जमात उल तुलभा में इसके सदस्य रहे हैं और बाद में जेईआई के पूर्ण सदस्य रहे हैं। डॉ. सबील की मूल कार्यप्रणाली पर्दे के पीछे आतंकवादी संगठन हिज्ब-उल-मुजाहिदीन या जैश-ए-मोहम्मद के लिए काम करना था। वह युवाओं की पहचान करता था, उन्हें प्रेरित करता था, उन्हें फंड देता था और फिर उन्हें आतंकवादी संगठनों में शामिल होने के लिए तैयार करता था।”
पुलिस ने बताया कि प्रारंभिक जांच के दौरान यह बात सामने आयी कि रुबानी ने दो युवाओं को प्रेरित किया और उन्हें आतंकवादी रैंक में शामिल होने के लिए मजबूर किया। पुलिस ने कहा,“डॉ रुबानी बशीर के खुलासे पर, एचएम/जेईएम के प्रतिबंधित संगठन के दो और ओवरग्राउंड वर्करों को गिरफ्तार किया गया।”
पुलिस ने बताया कि पकड़े गए व्यक्तियों की पहचान अश्मुजी भान के फाजिल अहमद पैरे और चेक वट्टू अहराबल के तारिक अहमद नाइकू के रूप में की गई। पुलिस ने कहा कि रुब्बानी के पास से एक पिस्तौल, एक मैगजीन और जिंदा कारतूस बरामद किए गए। अन्य दो गिरफ्तार ओजीडब्ल्यू के पास से एक ग्रेनेड, कुछ जिंदा कारतूस बरामद किए गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच शुरू कर दी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *