सोनीपत : वेतन वृद्धि समेत अन्य मांगों को लेकर हरियाणा की आशा वर्करों की हड़ताल अब 17 अगस्त तक बढ़ा दी गई है।
हड़ताल के आज तीसरे दिन आशा वर्करों ने यह फैसला लिया है। आशा वर्कर यूनियन ने राज्य स्वास्थय विभाग के उस कथित बयान का बेबुनियाद बताया कि आशा वर्कर को प्रति माह 19 हजार मानदेय दिया जाता है। यूनियन के अनुसार आशा वर्कर को प्रति माह केवल चार हजार रुपए और कुछ अन्य इंसेंटिव दिए जाते हैं जो औसतन प्रति वर्कर प्रतिमाह साढ़े सात हजार रुपए के आसपास बनते हैं। लेकिन इसमें से सरकारी काम करने के लिये आशा वर्करों के लगभग ढाई हजार रुपए किराए में खर्च हो जाते हैं।
यूनियन के अनुसार आशा वर्करों पर सरकार अतिरिक्त काम भी थोप रही है। वर्ष 2018 के बाद आशाओं के काम लगातार बढ़े गये। साथ ही मंहगाई भी कई गुणा बढ़ गई है लेकिन मानदेय में कोई वृद्धि नहीं की गई। इसके के चलते आशा वर्करों को आंदोलन करने पर मजबूर होना पड़ा है। ऐसे में सरकार से मांग है कि वह उसकी मांगों को पूरा करे।
आशा वर्कर की हड़ताल 17 अगस्त तक बढ़ी
