शिमला : हिमाचल प्रदेश के कोलडैम में फंसे वन विभाग के कर्मचारियों सहित 10 लोगों को नौ घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद रेस्क्यू कर लिया गया है। इस ऑपरेशन के दौरान उपायुक्त मंडी अरिंदम चौधरी एनडीआरएफ की टीम के साथ मौजूद रहे। पानी में सिल्ट और लकड़ियां काफी अधिक होने की वजह से यह सभी कर्मचारी नाव सहित डैम साइट में फंस गए और इनकी जान पर बन गई।
इस दौरान रात को ही देर रात इन्हें रेस्क्यू करने के लिए अभियान शुरू किया गया। भारी बारिश की वजह से कोलडैम में काफी मात्रा में लकड़ी आ गई थी। इस दौरान वन विभाग के कर्मचारी अपने साथ कुछ लोग लेकर लकड़ी की जांच करने के लिए गए। इस दौरान डैम में काफी मात्रा में सिल्ट और लकड़ी के बीच इनकी नाव फंस गई। बाद में इन्होंने प्रशासन से मदद की गुहार लगाई।
डीसी मंडी अरिंदम चौधरी भी मौके पर पहुंचे और साथ ही एनडीआरफ को भी बुलाया गया। एक स्ट्रीमर की मदद से इन लोगों को निकालने की कोशिश देर रात शुरू हुई। तड़के तीन बजे इन सभी लोगों को डैम से निकाल लिया गया। डीसी मंडी अरिंदम चौधरी ने बताया कि बताया कि बारिश और मुश्किल हालात के बीच इन सभी लोगों को रेस्क्यू कर लिया गया है। उन्होंने रेस्क्यू टीम की तारीफ की।
साइट पर फंसे लोगों में से पांच वन विभाग के कर्मचारियों की पहचान बहादुर सिंह, भूपेश ठाकुर, रूप सिंह, बाबू राम और अंगद कुमार के रूप में हुई है, जबकि अन्य पांच स्थानीय लोग नैन सिंह, डागू राम, हेम राज, बुद्धि सिंह और धर्मेंद्र हैं। हालांकि, इनके पास नाव है। वहीं, डैम में फंसे इन लोगों के कुछ वीडियो भी सामने आए हैं। एक वीडियो में एक शख्स डैम इन लोगों को बचाने की कोशिश करता हुआ भी नजर आ रहा है। यह शख्स सिल्ट और लकड़ी के बीच तैरता नजर आ रहा है।
कोलडैम में फंसे 10 लोगों को किया रेस्क्यू
