भीलवाड़ा : राजस्थान में भीलवाडा जिले के कांवलास गांव के एक व्यक्ति की हत्या करने के मामले में एडीजे, गुलाबपुरा सरिता मीना ने आज एक दंपती एवं दो बेटों को उम्र कैद की सजा सुनाई। अपर लोक अभियोजक कमल जीनगर ने बताया कि कांवलास निवासी नंदलाल गुर्जर ने 6 मई 2020 को आसींद थाने में रिपोर्ट दी कि उसके पिता श्रीराम गुर्जर एवं उसका बेटा मनोज बांटा दलवाने के लिए आटा चक्की पर जा रहे थे। इस बीच, रास्ते में इसी गांव के आरोपित घीसू लाल गुर्जर, इसकी पत्नी चंद्री देवी, बेटा सांवर लाल एवं धर्मीेचंद ने परिवादी के पिता और बेटे का रास्ता रोक लिया और सरियों और लाठियों से हमला किया। परिवादी के पिता श्रीराम की बाद में उपचार के दौरान मौत हो गई थी।
इस रिपोर्ट पर पुलिस ने आरोपित दंपती एवं उनके दो बेटों के खिलाफ अपराध धारा भारतीय दंड संहिता के तहत केस दर्ज कर तफ्तीश की। इस दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से अपर लोक अभियोजक ने 26 गवाह, 49 दस्तावेज और 6 आर्टिकल न्यायालय में पेश किये। न्यायालय ने सुनवाई पूरी करने के बाद शनिवार को आरोपित दंपती घीसू, चंद्री एवं इनके दो बेटों सांवर लाल एवं धर्मीचंद को दोषी करार देते हुये आजीवन कारावास के साथ ही 50 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।
दंपति एवं दो पुत्रों को आजीवन कारावास
