नई दिल्ली : आम आदमी पार्टी (आप) ने न्यूजक्लिक पर दिल्ली पुलिस की छापे को लोकतंत्र पर बड़ा प्रहार करार देते हुए कहा कि सरकार सच बोलने से पत्रकारों को रोकना चाहती है। आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय सिंह ने न्यूजक्लिक पर दिल्ली पुलिस के छापे को लोकतंत्र के चौथे स्तंभ और पत्रकारों की स्वतंत्रता पर प्रहार केआर दिया। उन्होंने कहा कि सरकार के ख़िलाफ़ लिखते और आवाज़ उठाते हैं इसलिए इनके ख़िलाफ़ कार्रवाई की गई।
उन्होंने कहा कि पत्रकारों के ख़िलाफ़ कार्रवाई को चीन से जोड़ा जा रहा है लेकिन जहां चीन हमारी ज़मीन पर कब्जा कर रहा है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चुप हैं।चीन हमारी सीमाओं में घुसपैठ कर रहा है लेकिन प्रधानमंत्री की बोलने की हिम्मत नहीं है लेकिन पत्रकारों के ख़िलाफ़ कार्रवाई करने की नौटंकी की जा रही है।
पत्रकारों के ख़िलाफ़ हमले पर ‘इंडिया’ गठबंधन की ओर से जारी किए गये बयान को आम आदमी पार्टी ने साझा किया है। इसमें कहा गया है कि ‘बीते नौ सालों में भाजपा सरकार ने बीबीसी, न्यूज़लॉन्ड्री, दैनिक भास्कर, भारत समाचार, द कश्मीर वाला, द वायर इत्यादि को जानबूझकर दबाने के लिए जांच एजेंसियों को तैनात किया है और अब सबसे ताज़ा हमला न्यूज़क्लिक के पत्रकारों पर हुआ है।’
इंडिया गठबंधन की पार्टियों ने कहा है कि भाजपा सरकार की यह कार्रवाई केवल उन मीडिया संगठनों और पत्रकारों के खिलाफ़ हो रही है जो सत्ता से सच बोलते हैं। दुर्भाग्य से जब नफ़रत और विभाजन फैलाने वाले पत्रकारों पर कार्रवाई की बात आती है तो सरकार पंगु बन जाती है। उन्होंने कहा कि भाजपा को देश और जनता से जुड़े असल मुद्दों पर ध्यान देना चाहिए और अपनी असफलताओं से ध्यान भटकाने के लिए मीडिया पर हमले करना बंद करना चाहिए।
पत्रकारों के ख़िलाफ़ छापे लोकतंत्र पर प्रहार
