चंडीगढ़ : पंजाब सतर्कता ब्यूरो ने राज्य में भ्रष्टाचार के खिलाफ़ शुरु की मुहिम के अंतर्गत बुधवार को थाना मेहरबान (लुधियाना) में तैनात सहायक उपनिरीक्षक(ए. एस. आई.) अरुण कुमार को एक मज़दूर से 6000 रुपए रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया। सतर्कता ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि उक्त एएसआई को मज़दूर (पल्लेदार) कृपा शंकर निवासी पंजाबी बाग़, लुधियाना की शिकायत पर गिरफ़्तार किया गया है। उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ता ने सतर्कता ब्यूरो में शिकायत दर्ज करायी की उक्त पुलिस मुलाज़िम पिछले कुछ महीनों से उससे बार-बार रिश्वत की माँग करके परेशान कर रहा है।
शिकायकर्ता ने बताया कि उक्त ए.एस.आई. के खि़लाफ़ थाना मेहरबान में भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं के अंतर्गत दर्ज प्राथमिकी में उसकी ज़मानत रद्द करवाने की धमकियां देकर उससे किश्तों में रिश्वत के तौर पर 25,000 रुपए पहले ही ले चुका है। एएसआई इस मामले का जांच अधिकारी था। शिकायतकर्ता को उक्त मामल में 09 फरवरी 2021 को आगामी ज़मानत मिल गई थी।
प्रवक्ता ने बताया कि आरोपी ए.एस.आई ने 19 जून, 2023 को इस मज़दूर से 1500 रुपए रिश्वत ली थी और वह 10,000 रुपए और माँग रहा था परन्तु शिकायतकर्ता के बार-बार विनती करने पर वह 8000 रुपए लेने के लिए राज़ी हो गया और उक्त रकम में से आरोपी 20 जून को 2000 रुपए ले चुका है और अब वह बाकी 6000 रुपए की माँग कर रहा था। प्रवक्ता ने बताया कि शिकायत की प्राथमिक जांच के उपरांत सतर्कता ब्यूरो थाना लुधियाना रेंज की टीम ने जाल बिछाया और उक्त पुलिस मुलाज़िम को कोर्ट कॉप्लेक्स लुधियाना के पास से दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में शिकायतकर्ता से 6000 रुपए रिश्वत लेते हुये रंगे हाथ पकड़ा गया।
इस सम्बन्ध में आरोपी ए.एस.आई. के खिलाफ सतर्कता ब्यूरो थाना लुधियाना रेंज में भ्रष्टाचार रोकथाम अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। इस मामले की आगे जांच जारी है और आरोपी को कल अदालत में पेश किया जायेगा।
