चंडीगढ़ : पंजाब सरकार ने झींगा पालन के लिए बिजली की दरों में छूट देने पर विचार करने के लिए चार सदस्यीय समिति गठित की है। राज्य के पशु पालन मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर ने आज यहाँ अपने कार्यालय में राज्य के झींगा पालकों की समस्याओं को सुनने के उपरांत कहा कि राज्य सरकार का झींगा पालन के तहत क्षेत्रफल अगले पाँच सालों में 5000 हेक्टेयर करने का लक्ष्य है तथा वह इस कार्य का लागत खर्च घटाने की ओर ध्यान देगी।
झींगा पालकों की बिजली दरों में छूट प्रदान करने की मांग को लेकर कैबिनेट मंत्री ने कहा कि इस पर विचार करने के लिए निदेशक मछली पालन, पंजाब राज्य बिजली निगम अधिकारी और दो झींगा पालक किसानों की चार सदस्यीय समिति गठित की जाएगी जो सभी पहलुओं पर विचार कर अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। उन्होंने कहा कि इसके अलावा झींगा पालन के लिए पारम्परिक ऊर्जा संसाधनों से सौर ऊर्जा की ओर जाने की संभावनाएँ भी तलाशी जाएंगी। उन्होंने कहा कि राज्य के मुक्तसर साहिब, फाजि़ल्का, मानसा, बठिंडा और फरीदकोट जिले खारेपन और सेम की समस्या से प्रभावित हैं जहां पाम्परिक फसलें बहुत प्रभावित हुई हैं लेकिन झींगा पालन बहुत सफल सिद्ध हुआ है। इसलिए सरकार इस क्षेत्र में झींगा पालन को और अधिक प्रोत्साहित करने तथा राज्य के नौजवानों के लिए स्व-रोजग़ार के अवसर पैदा करने के लिए कोई कसर बाकी नहीं रखेगी।
बैठक में विभाग के प्रधान सचिव विकास प्रताप ने कहा कि समिति की रिपोर्ट आने के बाद यह मामला वित्त विभाग के समक्ष विचार के लिये भेजा जाएगा ताकि कोई उचित समाधान निकाला जा सके। वहीं बिजली विभाग के प्रधान सचिव तेजवीर सिंह ने कहा कि झींगा पालकों की माँगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार किया जाएगा।
बिजली दरों में छूट को लेकर समिति गठित
