चमोली : उत्तराखंड के चमोली जिले के जोशीमठ में भू-धंसाव से प्रभावित लोगों के पुनर्वास हेतु ढाक में प्रीफेब्रिकेटेड शेल्टर निर्माण कार्य तेजी से जारी है, जबकि उद्यान विभाग की भूमि पर बन रहे प्री फैब का निर्माण अंतिम चरण में है। जिलाधिकारी हिमांशु खुराना ने बुधवार को जोशीमठ आपदा प्रभावितों के पुनर्वास हेतु निर्माणाधीन प्रीफ्रेब्रिकेटेड कार्यो का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने कार्यदायी संस्था को निर्देशित किया कि निर्माण कार्यो में तेजी लाते हुए जल्द से जल्द कार्य पूर्ण करें। कही पर समस्या हो तो तत्काल संज्ञान में लाया जाए।
आपदा प्रबंधन अधिकारी एन के जोशी ने बताया कि आपदा प्रभवितों के लिए टीसीपी तिरहा के पास उद्यान विभाग की भूमि पर और ढाक गांव के निकट चयनित भूमि पर केन्द्रीय भवन अनुसंधान संस्थान रूडकी के सहयोग से वन-बीएचके, टू-बीएचके व थ्री-बीएचके के प्रीफ्रेब्रिकेटेड भवन बनाए जा रहे हैं। उद्यान विभाग की भूमि पर बन रहे प्री फ्रैब का निर्माण अंतिम चरण में है। वही ढाक गांव में भूमि समतलीकरण के बाद प्री फैब कालोनी के लिए प्लिंथ लेवल का कार्य लगभग पूर्ण हो गया है। विद्युत व्यवस्था के लिए यहां पर विद्युत पोल लगाए जा चुके है। पेयजल व्यवस्था हेतु जल संस्थान के माध्यम से कार्रवाई आरंभ कर दी गई है। प्रभावितों के पुनर्वास हेतु ढाक में भी जल्द ही प्री फैब कालोनी बनकर तैयार हो जाएगी।
इस दौरान जिलाधिकारी राहत शिविरों में रह रहे प्रभावितों लोगों से भी मिले और शिविरों में रहन-सहन व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया।
जोशीमठ प्रभावितों के लिए ढाक गांव के प्री फैब्रिकेटेड शैल्टर निर्माण जारी
