गौरवशाली भारत

देश की उम्मीद ‎‎‎ ‎‎ ‎‎ ‎‎ ‎‎

सिंधी भाषा विश्वविद्यालय के शीघ्र स्थापना करने की मांग

राजस्थान प्रशासनिक सेवा के सेवानिवृत्त अधिकारी सुरेश कुमार सिंधी ने सिंधी भाषा विश्वविद्यालय के शीघ्र स्थापना की मांग की है।
सुरेश कुमार सिंधी ने आज यहां भारतीय सिंधु सभा की ओर से झूलेलाल भवन पर सिंधी भाषा मान्यता दिवस मौके पर आयोजित संगोष्ठी में कहा कि संविधान में मान्यता प्राप्त सिंधी भाषा के ज्ञान एवं रोजगार के अवसरों को प्राप्त करने के लिए भारत सरकार को शीघ्र सिंधी भाषा विश्वविद्यालय की स्थापना करनी चाहिए। उन्होंने भारतीय सिंधु सभा द्वारा भाषा एवं संस्कृति से युवाओं को जोड़ने के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि सिंधु भाषा विश्वविद्यालय की मांग सिंधु महाकुंभ में की गई थी। इस विषयक भारत सरकार से चर्चा भी जारी है जिसमें हमें निश्चित रूप से सफलता मिलेगी।
संगोष्ठी में व्याख्याता जयकिशन गुरबाणी ने 10 अप्रैल 1967 को सिंधी भाषा को संविधान की आठवीं अनुसूची में सम्मिलित किए जाने से पहले हुए प्रयासों की विस्तृत जानकारी देते हुए कहा कि अब अकादमियों एवं राष्ट्रीय सिंधी भाषा विकास परिषद को सिंधी विषय लेकर अध्ययन करने वाले विद्यार्थियों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने चाहिए।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय मंत्री महेंद्र कुमार तीर्थानि ने राजस्थान सरकार से रीट परीक्षा में सिंधी विषय की सीटें भी बढ़ाने की मांग की ताकि सिंधी अध्यापकों की भर्ती हो सकें। उन्होंने राजस्थान लोकसेवा आयोग में भी प्रशासनिक सेवा के लिए सिंधी विषय जोड़ने की मांग की।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *