भोपाल : मध्यप्रदेश के ग्वालियर और चंबल संभागों के जिले के अलावा रीवा, छतरपुर, टीकमगढ़ व निवाड़ी जिले में कहीं-कहीं मध्यम से घना कोहरा देखने को मिल सकता है। प्रदेश के राजगढ़ में सबसे कम 8.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। इसके साथ ही सागर में न्यूनतम तापमान 8.7 डिग्री सेल्सियस, पचमढ़ी में पारा 9.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ है। प्रदेश के नौ शहरों में रात का तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से कम दर्ज किया गया। सर्द हवाएं चलने से राजधानी में भोपाल में रात का पारा 1.4 डिग्री लुढ़का है। वहीं प्रदेश के ग्वालियर में सुबह दृश्यता शून्य रही।
राज्य के मुरैना, ग्वालियर, दतिया, भिंड, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मऊगंज और रीवा में बीते चौबीस घंटे के दौरान मध्यम कोहरे के साथ कहीं-कहीं घना कोहरा देखा गया। इसके साथ ही गुना, अशोकनगर, श्योपुरकला, शिवपुरी, विदिशा, दमोह, कटनी, सीधी और सिंगरौली में हल्का कोहरा देखने को मिला है।
भोपाल में स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक अशफाक हुसैन ने बताया कि पाकिस्तान और उससे लगे उत्तर भारत पर बना पश्चिमी विक्षोभ आगे बढ़ गया है। इसके अलावा हवा का रुख उत्तरी एवं उत्तर-पूर्वी होने के कारण रात के तापमान में गिरावट होने के आसार हैं। वातावरण में नमी रहने के कारण ग्वालियर, चंबल, सागर संभाग के जिलों में सुबह के समय घना कोहरा बना रह सकता है।
उन्होंने बताया कि पश्चिम विक्षोभ के प्रभाव से मध्यप्रदेश में मौसम का मिजाज बदलने पर बादल छाने लगेंगे। हो सकता है कि बारिश भी हो सकती है। एक-दो जनवरी को ग्वालियर एवं चंबल संभाग के जिलों में कहीं-कहीं ओले भी गिर सकते हैं। प्रदेश की राजधानी भोपाल में सुबह से ही धूप के खिले रहने के कारण ठंड का असर दूर रहा है। अगले चौबीस घंटों के दौरान आकाश की स्थित साफ रहने के आसार हैं।
ग्वालियर व चंबल संभाग में घना कोहरे के आसार
