अगरतला : त्रिपुरा में गोमती जिले के जिला सत्र न्यायालय ने एक ड्रग डीलर को 10 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने यह सजा पांच साल पहले नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) अधिनियम के तहत दर्ज किए गए मामले में सुनाया। पुलिस के मुताबिक दोषी टूटन दास को 01 मई, 2019 को हेरोइन की खेप रखने के दौरान नटुनबाजार थाना क्षेत्र में गिरफ्तार किया गया था। लंबी सुनवाई के बाद अदालत ने सबूतों और परिस्थितियों के आधार पर उसे 10 साल की कैद और एक लाख रुपये का जुर्माना सुनाया। जुर्माना की राशि का भुगतान नहीं करने की वजह से उसे अतिरिक्त छह महीने जेल में बिताना पड़ेगा।
उल्लेखनीय है कि एक सप्ताह पहले धलाई जिले की जिला सत्र अदालत ने एक ड्रग डीलर को पांच साल कैद की सजा सुनाई थी। उच्च न्यायालय के वरिष्ठ वकील अरुण चंद्र भौमिक ने कहा, “त्रिपुरा में एनडीपीएस अधिनियम के तहत 4,000 से अधिक लोगों के खिलाफ 350 से अधिक मामले हैं, जिनकी जांच चल रही है और यह सूची हर दिन लंबी होती जा रही है, लेकिन सजा बहुत कम पाई गई है। उन्होंने कहा, “ज्यादातर मामलों में, जांच में प्रवाह और अपर्याप्त सबूतों का फायदा उठाकर आरोपी को अदालत से जमानत मिल जाती है।
हालाँकि, हम फैसले की सराहना करते हैं और पूरी तरह से पुलिस तथा विशेष रूप से जांच अधिकारी को बधाई देते हैं, जिसने आरोपी व्यक्ति की सजा सुनिश्चित करने का मार्ग प्रशस्त किया।”उन्होंने बताया कि त्रिपुरा में युवा पीढ़ी का एक बड़ा हिस्सा नशीली दवाओं के जाल में फंस गया है, जिससे युवाओं में एचआईवी संचरण बढ़ रहा है और सामाजिक अव्यवस्था बहुत तेजी से पैदा हो रही है। उन्होंने कहा, “त्रिपुरा में नशीली पदार्थों के खतरे को समाप्त करने के लिए पुलिस की एक समन्वित कार्य योजना, न्यायपालिका और सामाजिक संगठन की आवश्यकता है।”
