जयपुर : राजस्थान बजट में नर्सिंग संवर्ग में बजट के प्रति निराशा को लेकर नर्सिंगकर्मियों ने सरकार को सत्रह सूत्री मांग पत्र का ज्ञापन दिया और चेताया है कि उनकी मांगों पर कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाये जाने पर उन्हें मजबूरन आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ेगा।
नर्सिंग अधिकारियों एवम् कर्मचारियों ने आज सत्रह सूत्री मांग पत्र का ज्ञापन मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को देकर शीघ्र ही मांगों पर कार्यवाही करने का आग्रह किया है। राजस्थान नर्सेज एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष प्यारे लाल चौधरी एवम् कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष नरेंद्र सिंह शेखावत ने बताया कि पुलिस, जेल प्रहरियों एवम् होमगार्ड का मैश भत्ता बाईस सौ रुपए प्रति माह है जबकि नर्सेज का मात्र बारह सौ बीस रुपए है जिसे बराबर किए जाने की मांग सरकार के समक्ष रखी थी लेकिन बजट में इस पर कोई घोषणा नही की गई, साथ ही नर्सिंग संवर्ग का कैडर रिव्यू नहीं करने से नर्सिंग ट्यूटर,नर्सिंग अधिकारी, एएनएम एवम् एलएचवी सहित सभी कार्मिकों को पूरे सेवाकाल में मात्र एक ही पदोन्नति मिल पाती है जबकि बाबू,पटवारी,ग्राम सेवक,मास्टर सहित सभी कार्मिकों को चार से छः पदोन्नति के अवसर दिए जा रहे हैं, जिससे पूरे संवर्ग में रोष व्याप्त है, वरिष्ठ नर्सिंग अधिकारी एवम् नर्सिंग ट्यूटर के पद को राजपत्रित करने को लेकर भी विभाग द्वारा अभी तक कोई करवाई नहीं की गई।
उन्होंने चेताते हुए कहा कि मांगपत्र पर पंद्रह दिनों में कोई कार्यवाही नहीं की गई तो नर्सेज को मजबूरन आंदोलन करना पड़ेगा।
बजट से निराश नर्सिंगकर्मियों ने दी आंदोलन की चेतावनी
