दंपति सहित 13 लोगों की मौत, अन्य आठ लापता
शिमला : हिमाचल प्रदेश में भारी भूस्खलन से पिछले 24 घंटों में प्रवासी दंपती सहित 13 लोगों की मौत हो गई जबकि अन्य आठ लापता है। राज्य में पिछले 24 घंटे के भीतर 14 साल की किशोरी सहित पांच की लोगों की मौत हो गयी है। सराज विधानसभा की ग्राम पंचायत कलहणी के गांव डगैल में एक घर के भूस्खलन की चपेट में आने से किशोरी सहित दो की मौत हुई। मृतकों के शवों को मलबे से कड़ी मशक्कत के बाद निकाल लिया गया।
पुलिस ने मृतकों की पहचान 14 वर्षीय गोपी पुत्री मीनू राम और उसके 62 वर्षीय नाना परमानंद पुत्र नुरसू राम के तौर पर हुई है। दोपहर तक की सूचना के मुताबिक सराज में मलबे में 10 लोगों के दबे होने की भी सूचना है। चार शव बरामद कर लिए गए हैं। उधर, सराज विधानसभा के ही बूनाड गांव में नेक सिंह की गौशाला में दबने से मौत हो गई। सुबह के वक्त मृतक पशुओं को निकालने के लिए गया था।
शिमला के गांव शोल (बलदेयां) में भारी भूस्खलन में एक प्रवासी दंपती की मौत हो गई है। मंडी जिले में बारिश के तांडव से नुकसान के आंकड़े डराने वाले हैं। वहीं, एक अन्य जानकारी के मुताबिक चंडीगढ़-मनाली राष्ट्रीय उच्चमार्ग पर रैंस नाला में अत्यधिक पानी एवं मलबा आने से टनल भी मलबे एवं पानी से भर गई है। आलम ये है कि मलबा एक छोर से प्रवेश करने के बाद दूसरे छोर से बाहर निकल रहा है। दीगर है कि हाल ही की पिछली बरसात में मंडी जिला में करीब दो दर्जन लोगों की मौत हो गई थी।
बुधवार को ऑरेंज अलर्ट के बीच आसमान से आफत बरसी है। प्रदेश में तीन नेशनल हाईवे समेत 530 सड़कें अवरुद्ध हैं। 2897 बिजली ट्रांसफॉर्मर ठप और 214 पेयजल योजनाएं प्रभावित है। राजधानी में भारी बारिश से तबाही हुई है। रात से ही घरों और सड़कों पर पेड़ ढह रहे है। कई सड़कें भूस्खलन से बंद हो गई हैं। कृष्णानगर, नाभा, फागली, कोमली बैंक में भूस्खलन का खतरा मंडरा गया है।
सराजघाटी में अधिक नुकसान हुआ है। दो स्कूलों के साथ यहां पर 80 से अधिक मवेशी खोलनाल के नाले में बह गए हैं । दादा-पोती और दो महिलाओं के बहने की खबर है। एक 16 वर्षीय छात्र के बगलामुखी के पास दबने से मौत हो गई है जिसका शव भी बरामद हो गया है।
इसके अलावा मकान के गिर जाने से एक व्यक्ति की मलबे में दबकर मौत हो गई है। अब तक करीब सात से आठ लोगों के मरने के आशंका जताई जा रही। बारिश से हुए नुकसान और स्थिति की जानकारी एडीएम मंडी अश्वनी कुमार प्रेस कांफ्रेंस के माध्यम से देंगे। अभी तक बहुत अधिक नुकसान का अंदेशा जताया जा रहा है। सलोगड़ा के समीप परवाणू शिमला फोरलेन बंद हो गया है। कुल्लू में स्कूलों में छु्ट्टी कर दी गई है।
मौसम विभाग के अनुसार आज और कल प्रदेश में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। 27 अगस्त तक मौसम खराब रहेगा। शिमला-चंडीगढ़, कुल्लू-मनाली और मंडी-पठानकोट एनएच बंद होने से कई क्षेत्रों का संपर्क कट गया है। सोलन, शिमला, मंडी और हमीरपुर जिला में बिजली संकट गहरा गया है। कुल्लू को जोड़ने वाली सड़कें बंद हो गई हैं। इस वजह से सैकडों वाहन फंस गए हैं। उधर, कालका-शिमला नेशनल हाईवे पांच चक्कीमोड़ में वाहनों की आवाजाही के लिए पूरी तरह से बंद हो गया है।
बारिश के बीच सुबह पहाड़ी से मलबा और पत्थर सड़क पर आए हैं। इसके चलते सड़क पर से सभी प्रकार के वाहनों की रफ्तार पर रोक लग गई है। भारी बारिश से शिमला के लिए पानी की आपूर्ति ठप हो गई है। आज से शहर में कट लगेगा। अगले तीन दिन परेशानी झेलनी होगी। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार अगले 72 घंटों के दौरान बिलासपुर, चंबा, हमीरपुर, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सिरमौर, सोलन, ऊना में अधिकांश स्थानों पर मध्यम और कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश होने की संभावना है।
मौसम विभाग ने आज के लिए कुछ स्थानों पर भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है। लोगों को सचेत रहने के लिए कहा गया है। मंडी व शिमला में 23 और 24 अगस्त को सभी शिक्षण संस्थान बंद रहेंगे। इसमें आंगनबाड़ी केंद्र, वोकेशनल सेंटर भी शामिल हैं।
