नई दिल्ली : केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग, उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण और कपड़ा मंत्री पीयूष गोयल ने पिछले तीन वर्षों में सरकारी ई-मार्केटप्लेस (जीईएम) से खरीद में हुई 10 गुना बढ़ोतरी का उल्लेख करते हुए आज कहा कि जीईएम के बढ़ते इस्तेमाल से करदाताओं के पैसे की बचत होने से जन कल्याण परियोजनाओं में इसका बेहतर उपयोग हो रहा है।
गोयल ने जीईएम के ‘क्रेता-विक्रेता गौरव सम्मान समारोह 2023’ में अपने संबोधन में कहा कि पिछले तीन वर्षों में सरकारी ई-मार्केटप्लेस (जीईएम) से खरीद में हुई 10 गुना बढ़ोतरी हुई है।वस्तुओं और सेवाओं की खरीद के लिए केंद्र और राज्य विभागों द्वारा जीईएम के बढ़ते उपयोग के कारण करदाताओं के पैसे की बचत हुई है, जिसके परिणामस्वरूप सार्वजनिक कल्याण परियोजनाओं के लिए इसका बेहतर उपयोग हुआ है। उन्होंने उम्मीद जताई कि सरकारी पोर्टल जीईएम से वस्तुओं और सेवाओं की कुल खरीद वित्त वर्ष 2022-23 में तीन लाख करोड़ रुपये को पार कर जाएगी क्योंकि यह 2022-23 में पहले ही दो लाख करोड़ रुपये को पार कर चुकी है।
मंत्री ने कहा कि वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय लगातार व्यवस्था में सुधार लाने का प्रयास कर रहा है। जीईएम में एक नई प्रणाली विकसित की जा रही है, जो संचालन में आसानी के लिए अधिक तत्वों के साथ अधिक समसामयिक और आधुनिक होगी। खरीददारों और विक्रेताओं को खरीद से संबंधित निर्णय लेने में मदद करने के लिए नई प्रणाली में डेटा एनालिटिक्स की पेशकश की जाएगी। भारत के सबसे बड़े सॉफ्टवेयर निर्यातक टीसीएस को सरकारी खरीद पोर्टल जीईएम को चलाने और रखरखाव की जिम्मेवारी दी गई है।
गोयल ने पुरस्कार विजेताओं के प्रयासों की सराहना की और कहा कि उनके योगदान से देश के सार्वजनिक खरीद परिदृश्य में परिवर्तनकारी बदलाव आया है। जीईएम प्रौद्योगिकी और विश्लेषण का लाभ उठाकर एकीकृत, पारदर्शी और कुशल खरीद प्रणाली के प्रधानमंत्री श्री मोदी के दृष्टिकोण को प्राप्त करने का प्रयास कर रहा है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कैसे जीईएम ने पिछले सात वर्षों में बड़े पैमाने पर लाभ प्राप्त किया है और बहुआयामी विकास हासिल किया है।
