अजमेर : सी पी जोशी ने कहा है कि राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और आजादी के समय देश का नेतृत्व करने वालों ने जिस लोकतंत्र की नींव रखी, वह लोकतंत्र देश में सभी धर्म, भाषा, समाज, प्रांत और अन्य परिस्थितियों के आधार पर भिन्नता रखने वालों को सत्ता एवं शासन में समान रूप से भागीदार बनाता है।
जोशी आज यहां गांधीवादी संस्थाओं के दो दिवसीय राष्ट्रीय स्तरीय सम्मेलन के समापन पर मुख्य अतिथि के रुप में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि भारत का लोकतंत्र विश्व का सबसे मजबूत लोकतंत्र है और वर्तमान पीढ़ी को मौजूदा परिस्थितियों में गांधी के विचारों की उपयोगिता को समझाया जाना आवश्यक है।
उन्होंने कहा कि गांधी के आदर्शों और दर्शन को वर्तमान परिस्थितियों में लागू करने की अहमियत को समझना होगा। इन आदर्शों और मानकों को हासिल करने के लिए ऐसे मजबूत विचारकों और विचारधारा की आवश्यकता है जो चुनौतियों का डटकर मुकाबला कर सकें और गांधी के आदर्श एवं सिद्धांतों पर देश को आगे बढ़ा सके।
उन्होंने कहा कि गांधीजी ने ग्राम स्वराज का मंत्र दिया था और आज इस दिशा में और ज्यादा काम करने की जरुरत है। गांधी दर्शन को पढ़ने के साथ उस पर अमल कराया जाना भी आज की जरुरत है। उन्होंने उम्मीद जताई कि गांधीवादी विचारक बापू के संदेश और दर्शन को पूरे देश में प्रसारित करेंगे जिसका असर विदेशों में भी दिखाई देगा।
भारत का लोकतंत्र विश्व का सबसे मजबूत लोकतंत्र
