देहरादून/गोपेश्वर/रूद्रप्रयाग : उत्तराखंड स्थित विश्व विख्यात श्री केदारनाथ व श्री बदरीनाथ मंदिरों के कपाट बंद होने के बाद दोनों धामों में सुरक्षा की दृष्टि से भारतीय तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) की तैनाती कर दी गई है। दोनों धामों में आइटीबीपी जवानों की एक – एक प्लाटून सोमवार को पहुंच गई। अभी तक इन स्थानों पर शीतकाल के लिए कपाट बन्द होने के बाद, नागरिक पुलिस और प्रादेशिक सशस्त्र बल (पीएसी) के जवान सीमित संसाधनों के साथ भीषण सर्दी में सुरक्षा का दायित्व संभालते रहे हैं।
विगत वर्ष श्री केदारनाथ धाम के गर्भ गृह के स्वर्ण मंडित होने और दोनों धामों में मास्टर प्लान के तहत व्यापक स्तर पर चल रहे पुनर्निमाण कार्यों के कारण तमाम लोगों की वहां पर आवाजाही को देखते हुए श्री बदरीनाथ -केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने सरकार से सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पत्र लिखा था। उन्होंने धामों की विकट भौगोलिक परिस्थितियों के मद्देनजर आईटीबीपी को तैनात किए जाने की मांग की थी। इस पर प्रदेश सरकार ने कार्रवाई करते हुए केंद्रीय गृह मंत्रालय से आईटीबीपी की तैनाती का अनुरोध किया था।
प्रदेश सरकार के अनुरोध पर गृह मंत्रालय ने गत वर्ष से शीतकाल में धामों की सुरक्षा आइटीबीपी के जवानों को सौंप दी थी। इस वर्ष पुनः कपाट बंद होने के पश्चात प्रदेश सरकार ने धामों में आईटीबीपी की तैनाती का अनुरोध किया था। जिसके अनुरूप केंद्रीय गृह मंत्रालय ने आईटीबीपी को दोनो धामों की सुरक्षा का दायित्व सौंपा है।
बदरीनाथ, केदारनाथ मंदिर की सुरक्षा को पहुंचे आईटीबीपी जवान
