महोबा : उत्तर प्रदेश शासन ने बुंदेलखंड में महोबा जिले के खरेला कस्बे की पेयजल समस्या के निराकरण के लिए 3232 लाख रुपये लागत की खरेला पेयजल योजना को मंजूरी प्रदान की है। जिलाधिकारी मृदुल चौधरी ने बताया कि शासन द्वारा अमृत योजना.2 के तहत खरेला को पेयजल से संतृप्त करने हेतु चयनित किया गया है। इसके तहत हमीरपुर जिले में सीमा पर स्थित ब्रम्हानंद बांध से पाइप लाइन के माध्यम से पानी लाकर कस्बा के निवासियों को उपलब्ध कराया जाएगा। परियोजना में 3232 लाख की लागत तय की गई है। इसके प्रथम चरण में 525 लाख रुपये की धनराशि को निर्गत भी कर दिया गया है। जल निगम हमीरपुर की निर्माण शाखा को उक्त परियोजना की कार्यदायी संस्था नामित किया गया है।
गौरतलब है कि करीब 35 हजार की आबादी वाले खरेला कस्बे को अभी तक चरखारी पेयजल योजना में सम्मलित रखते हुए पानी उपलब्ध कराया जा रहा है। चरखारी के निकट स्थित अर्जुन सागर बांध से जुड़ी इस परियोजना में अक्सर बांध में पानी की कमी हो जाने, पाइप लाइन खराब होने आदि विभिन्न कारणों से व्यवधान आने पर जलापूर्ति ठप हो जाती थी। गर्मियों के मौसम में तो इस पठारी क्षेत्र के अधिकांश भू.भाग में हाहाकार मच जाता था।
लोगों को एक.एक बूंद पानी के लिए तरसना पड़ता था। जल निगम नगरीय के अधिशाषी अभियंता ए0 के0 शर्मा के मुताबिक शासन द्वारा स्वीकृत हुई खरेला पेयजल परियोजना में ब्रम्हानंद बांध से खरेला कस्बे तक करीब 13 किलोमीटर की पाइप लाइन की अवस्थापना के अलावा वाटर ट्रीटमेंट प्लांट और जलापूर्ति हेतु टंकियों का निर्माण कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस परियोजना के पूर्ण होने के साथ ही खरेला की पेयजल आपूर्ति चरखारी से पृथक हो जाएगी और खरेला की पेयजल समस्या का स्थाई समाधान हो जाएगा।
