नई दिल्ली : मनसुख मांडविया ने कहा कि भारत का कोविड टीकाकरण माॅडल दुनिया भर के लिए आदर्श है जिससे लाखों लोगों की जान बचाई गई है।
मांडविया ने शनिवार को यहां विश्व पुस्तक मेले में ‘इंडियाज वैक्सीन ग्रोथ स्टोरी – फ्रॉम चेचक टू वैक्सीन मैत्री’ पुस्तक का विमोचन करते हुए कहा कि भारत का कोविड प्रबंधन मॉडल सफल रहा है। जिसके परिणामस्वरूप 34 लाख लोगों की जान बचाई गई। पुस्तक के लेखक सज्जन सिंह यादव है। पुस्तक कोविड टीकों के विकास, उत्पादन और वितरण में भारत की प्रभावशाली उपलब्धि पर विस्तार से बताती है। इस अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।
मांडविया ने भारतीय वैज्ञानिक समुदाय और देश भर के उत्कृष्ट स्वास्थ्य पेशेवरों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विश्वास की प्रशंसा करते हुए कहा कि इस संयोजन ने भारत को ऐसी उपलब्धि हासिल करने के लिए अकल्पनीय चुनौतियों पर विजय प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया है, जो न केवल अपने देश की जरूरतों को पूरा करती है बल्कि दुनिया भर में जीवन रक्षक टीकों की सभी नियत समय में आपूर्ति होती है। उन्होंने कहा कि भारत ने दुनिया के सबसे बड़े कोविड टीकाकरण अभियान के एक हिस्से के रूप में 220 करोड़ खुराक दी, जिसके परिणामस्वरूप पूरे देश में 34 लाख लोगों की जान बचाई जा सकी।
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि जब अन्य देश टीकों को लेकर जूझ रहे थे तो भारत ने एक अनुकरणीय टीकाकरण कोविड प्रबंधन मॉडल स्थापित किया।
कोविड टीकाकरण माॅडल से बची लाखों जान
