बुलंदशहर : उत्तर प्रदेश में बुलंदशहर जिले की एक अदालत ने एक किशोर के अपहरण और हत्या के आरोप में दोषी व्यक्ति को उम्रकैद और 20 हजार जुर्माने की सजा सुनायी है।
विशेष लोक अभियोजक विमल कुमार और विजय कुमार शर्मा ने गुरुवार को बताया कि पहासू थाने में पांच अगस्त 2013 को दर्ज रिपोर्ट में कहा गया था कि गांव बनैल के राशिद ,मोनिस उसकी मां सज्जौ बेगम और आकाश ने कक्षा आठ के छात्र फरमान (14) का अपहरण कर हत्या कर दी थी। फरमान का शव कई दिन बाद बरामद हुआ। पुलिस ने नामजद अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। इनमें से मोनिस और आकाश नाबालिग थे इस कारण उनकी पत्रावली को जूविनइल कोर्ट ट्रांसफर किया गया जबकि राशिद और सज्जौ बेगम के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया गया।
मुकदमे की अंतिम सुनवाई अपर जिला सत्र न्यायाधीश नीलम ढाका के न्यायालय में हुई। अभियोजन पक्ष की प्रभावी पैरवी और गवाहों के बयान एवं साक्ष्य को ध्यान में रख कर अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत ने बुधवार को राशिद को साजिश के तहत अपहरण कर हत्या करने सबूत मिटाने और शव को छिपाने का दोषी करार दिया। एडीजे ने राशिद को आजीवन कारावास की सजा सुनाते हु ए 20 हजार रूपये का जुर्माना किया है वहीं सज्जौ बेगम को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया।
बुलंदशहर में हत्या के अभियुक्त को उम्रकैद
