गौरवशाली भारत

देश की उम्मीद ‎‎‎ ‎‎ ‎‎ ‎‎ ‎‎

4 जून को नदी किनारे सबसे बड़ी मानव श्रृंखला बनाने जा रहा है लोक संसद

नई दिल्ली। यमुना के प्रति आम जन में चेतना जगाने के उद्देश्य से लोक संसद 4 जून को सुबह 6: 30 बजे दिल्ली में नदी किनारे सबसे बड़ी मानव श्रृंखला बनाने जा रहा है। इसमें दिल्ली के व्यापारी भी बढ़ चढ़कर हिस्सा लेने को तैयार हैं। चांदनी चौक स्थित दिल्ली हिन्दुस्तानी मर्कंटाइल असोसिएशन के सभागार में पुरानी दिल्ली के तमाम बाजारों से जुड़े व्यापारी नेताओं ने हिस्सा लिया। सभी ने यमुना की दुर्दशा पर चिंता जताई। ष्ठ॥रू्र के प्रधान मुकेश सचदेवा और महामंत्री श्रीभगवान बंसल ने कहा कि दिल्ली में यमुना की स्थिति खराब हो गई है। केंद्र और दिल्ली सरकार के तमाम प्रयासों के बावजूद नदी में सुधार नहीं दिख रहा। अब आम जनमानस को खुद सचेत होना पड़ेगा।

मानव श्रृंखला में शामिल होकर सरकार को बड़ा संदेश देना पड़ेगा। व्यापारी नेता जगमोहन गोटेवाला और चेतन शर्मा ने बताया कि एक जमाने में पुरानी दिल्ली के दुकानदार रोज यमुना में स्नान करते थे। अब नदी से इतनी बदबू उठती है कि करीब से गुजराना मुश्किल होता है। लोक संसद के संयोजक रविशंकर तिवारी ने बताया कि सिर्फ मानव श्रृंखला से यमुना की सफाई नहीं होगी। नदी की सफाई और शुद्धता के लिए वास्तव में क्या कदम उठाए जाने चाहिए, उसे लेकर एक्सपर्ट अपना मसौदा तैयार कर रहे हैं। 4 जून के बाद केंद्र और दिल्ली सरकार को पूरा ड्राफ्ट सौंपा जाएगा। दिल्ली ही नहीं जिन राज्यों से यमुना गुजर रही है, वहां की सरकारों का भी दायित्व है।

व्यापारी नेता प्रदीप गुप्ता ने बताया कि हरियाणा से भी नदी को प्रॉपर पानी नहीं मिल रहा है। नदी में बहाव ठहर गया है। काफी जलीय जीव खत्म हो गए हैं। ये नदी के साथ पर्यावरण के लिए भी हानिकारक है। मानव श्रृंखला से सभी को जोड़ने के मकसद से चांदनी चौक में एक बड़ा पैदल मार्च भी प्लान हो रहा है। इसमें सभी मार्केट असोसिएशंस से जुटने की अपील हो रही है। जल्द तारीख और समय की घोषणा होगी। मीटिंग में बलदेव गुप्ता, अजय शर्मा, आत्म अग्रवाल, रामप्रकाश बंसल, सुधीर अग्रवाल, पवन गारोदिया, गोपाल गर्ग, राजेश शर्मा, देवराज बावेजा, मनीष वर्मा, नरेश मेहरा, गुरमुख सिंह, हरिशंकर गुप्ता, दलीप बिंदल, दिनेश जैन, चंद्रभूषण गुप्ता, निरंजन पोद्दार, त्रिलोक गोयंका, आशीष ग्रोवर, राजीव बत्रा, तरुण गुप्ता, पराग जैन और मैकी जैन आदि शामिल रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *