अलवर : राजस्थान में अलवर जिले के बहरोड़ पुलिस थाने में आज तीन लोगों को पूछताछ के लिए बुलाने के खिलाफ सांसद महंत बालक नाथ ने डीएसपी कार्यालय के सामने अपने समर्थकों के साथ धरने पर बैठ गए। इसके बाद मौके पर पहुंचे भिवाड़ी पुलिस अधीक्षक शांतनु कुमार सिंह ने उन्हें समझाने की कोशिश की। महंत बालकनाथ ने बहरोड़ पुलिस उपाधीक्षक आनंद राव पर एक विधायक के कहने पर काम करते का आरोप लगाया। बहरोड़ पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ करने पर उनके समर्थकों की पुलिस थाने में भीड़ जमा हो गई और बहरोड़ पुलिस थाने के सामने धरना भी दिया।
भिवाड़ी पुलिस अधीक्षक ने बताया कि आज इस पूरे घटनाक्रम का अवलोकन किया और पीड़ितों से बातचीत की है और प्रारंभिक जो जानकारी है वह मुख्यालय को भेज दी गई है और इस पूरे घटनाक्रम की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक से जांच कराई जाएगी और जांच में जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी । इसके बाद सांसद बालकनाथ ने अपना धरना समाप्त कर दिया। महंत बालकनाथ ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि इस संबंध में उन्होंने पुलिस महानिदेशक से भी बात की है और इस
संबंध में पांच दिन का समय दिया गया है कि पांच दिन में इस पूरे घटनाक्रम की जांच करा ली जाएगी, जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि हैड कांस्टेबल धीर सिंह और पुलिस उपाधीक्षक ने जानबूझकर निर्दोष कार्यकर्ताओं को फंसाने की कोशिश की है और थाने में बुलाया है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में उच्च स्तरीय राजनीतिक दबाव होगा, दबाव आएगा लेकिन पुलिस पर विश्वास करते हुए हम चाहते हैं कि इस मामले की जांच हो और जांच आने के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।
सांसद बालकनाथ ने बहरोड़ में दिया धरना
