शिलांग : मेघालय में सत्तारूढ़ नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) राज्य में 59 विधानसभा सीटों पर हुए चुनाव में 26 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरी है। एनपीपी को विधानसभा में बहुमत के लिए अन्य समान विचारधारा वाले राजनीतिक दलों से समर्थन जुटाना होगा। एनपीपी ने गारो हिल्स क्षेत्र की 24 में से 17 सीटों पर जीत हासिल की। राज्य के मुख्यमंत्री एवं एनपीपी प्रमुख कोनराड संगमा ने प्रतिष्ठित दक्षिण तुरा सीट से अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बर्नार्ड मारक को 2,830 मतों से हराया।
एनपीपी ने जयंतिया हिल्स में चार सीटें, री-भोई और पूर्वी खासी हिल्स में दो-दो सीटें जीतीं, लेकिन पश्चिम खासी हिल्स क्षेत्र में एक भी सीट नहीं जीत पाई। खासी-जयंतिया-री-भोई क्षेत्र में 35 सीटें हैं। एक उम्मीदवार के निधन के कारण एक सीट (सोहोइंग) पर चुनाव स्थगित कर दिया गया था। मेघालय में 60 सदस्यीय विधानसभा है।
चुनाव जीतने वाले प्रमुख एनपीपी नेताओं में उपमुख्यमंत्री प्रेस्टोन त्यनसॉन्ग, कैबिनेट मंत्री, स्नियाभलंग धर, पूर्व राज्यसभा सदस्य थॉमस संगमा, विधानसभा के उप सभापति टिमोथी शीरा, विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष अबू ताहेर मोंडोल, कॉमिंगोन यंबोन, अम्पारीन लिंगदोह शामिल है।
ऊर्जा मंत्री जेम्स संगमा को दादेंग्रे निर्वाचन क्षेत्र से तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) उम्मीदवार रूपा मारक से मात्र सात वोटों से हार का सामना करना पड़ा। परिवहन मंत्री दसखितभा लमारे नोंगक्रेम सीट से हार गए। यह सीट वॉयस ऑफ द पीपल पार्टी (वीपीपी), अर्देंट बसाइवामोइत ने जीती।
जीत से उत्साहित मुख्यमंत्री ने कहा, ”हम एनपीपी को मत देने के लिए लोगों को धन्यवाद देते हैं। हमारे पास बहुमत से संख्या कम है। हम अंतिम परिणाम की प्रतीक्षा करेंगे और फिर गठबंधन सरकार बनाने पर निर्णय करेंगे।
श्री संगमा ने फोन पर यूनीवार्ता को बताया कि हम अब नई सरकार के संयोजन के बारे में चर्चा करने के लिए बैठक कर रहे हैं।
असम के मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा सरमा ने यूनीवार्ता को फोन पर बताया कि भाजपा मेघालय में अगली सरकार बनाने में एनपीपी का समर्थन करेगी।
कांग्रेस ने पांच विधानसभा सीटों पर जीत हासिल की। मेघालय प्रदेश कांग्रेस समिति के अध्यक्ष एवं लोकसभा सदस्य विन्सेंट पाला सुतंगा-सैपुंग में एनपीपी की सांता मैरी शायला से 2,019 मतों से चुनाव हार गए। पहली बार चुनाव मैदान में उतरी वीपीपी ने अच्छा प्रदर्शन किया है और चार सीटों पर जीत हासिल की। पार्टी ने 18 सीटों पर चुनाव लड़ा था।
एनपीपी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी
