नई दिल्ली। अक्षय तृतीया तिथि के पावन अवसर पर लोक संसद के संयोजक रवि शंकर तिवारी और सह संयोजक भारत गौड़ द्वारा यमुना तट निकट गीता कॉलोनी शमशान घाट पर भव्य आयोजन किया गया। जिसमें पवित्र नदी मां यमुना जी को अविरल व निर्मल करने के लिए 11 वेद पाठी ब्राह्मणों द्वारा मंत्रों उच्चारण, शंखनाद के साथ 51 किलो पंचामृत अभिषेक जिसमें दूध, देसी घी, गंगा जल, दही, शहद आदि से मां यमुना जी का अभिषेक एवम् पुष्पांजलि अर्पित की। मां यमुना नदी जी की आरती की गईं। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि केएन गोविंदाचार्य, रवि शंकर तिवारी, गांधी नगर से विधायक अनिल बाजपाई, गोयल हॉस्पिटल के मैनेजिंग डायरेक्टर ड्रा अनिल गोयल, निगम पार्षद संदीप कपूर, प्रिया कंबोज, शशि चांदना, यमुना संसद सह संयोजक भारत गौड़, रवि रस्तोगी,अमित शर्मा, सजग निझावन, समाज सेवी विनोद मदान, रामप्रकाश चौहान, अनिल बुद्धिराजा, राजीव शर्मा, सुनील चौधरी, कशिश बंसल, जीवन रस्तोगी, दीपक एहलानी, डिंपल खन्ना, नीरू त्रिखा, विपिन जैन, विवेक काबरा, जय गोपाल वर्मा, सूरज ठाकुर आदि भारी संख्या में आरडब्ल्यूए, धार्मिक संस्था, विभिन्न क्षेत्रों में समाज हित में कार्य कर रही संस्थाओं ने यमुना संसद आयोजन की भूरी भूरी प्रसंशा की ओर अपना पूर्ण सहयोग व समर्थन देने की घोषणा की।

श्री केएन गोविंदाचार्य ने प्तयमुनासंसद को को एक उत्कृष्ट कार्य बताया और सभी को संबोधित करते हुए कहां की जहां नदी मर जाती हैं तो वहां संस्कृति और सभ्यता भी नष्ट हो जाती हैं। इसलिए सभी समाज और सभी सरकारें मिलकर मां यमुना नदी को पुन: निर्मल व स्वस्थ करने का प्रयास युद्ध स्तर पर करें। श्री रवि शंकर तिवारी ने समर्थन देने पर आप सभी समाज के अति विशिष्ट लोगों का ह्रदय की गहराइयों से आभारधन्यवाद. किया और आगामी 4 जून को वजीराबाद से कलांदी कुंज तक 8 प्वाइंटों पर 1 लाख लोगों की मानव श्रृंखला बनाकर दिल्ली व एनसीआर की जनता को जागरूक करने की शपत दिलाई। कार्यक्रम का संचालन भारत गौड़ ने किया और दिल्ली सरकार से मांग की, कि वह सभी नालों पर अत्याधुनिक वाटर ट्रीटमेंट प्लांट लगाकर ही यमुना नदी में जल छोड़े। साथ ही दिल्ली की जनता से श्री गौड़ ने अपील की कि वे खंडित मूर्ति आदि मां यमुना नदी में प्रवाहित न करें। कार्यक्रम में मां यमुना नदी जिंदाबाद के नारे से गूंज गए।
