भोपाल : केंद्र सरकार की ओर से पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) और इसके सहयोगी संगठनों को प्रतिबंधित करने के 24 घंटे के भीतर ही मध्यप्रदेश सरकार ने आज ऐसे संगठनों और इनसे जुड़े लोगों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई करने का मार्ग प्रशस्त करने के उद्देश्य से इंदौर और भोपाल के पुलिस आयुक्तों के साथ ही राज्य के सभी कलेक्टरों को विशेष अधिकार सौंपने संबंधी अधिसूचना आज राजपत्र में प्रकाशित कर दी।
गृह विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ राजेश राजौरा ने बताया कि केंद्र सरकार ने पीएफआई और सहयोगी संगठनों को विधिविरुद्ध क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम 1967 (यूएपीए) के तहत प्रतिबंधित करने संबंधी अधिसूचना मंगलवार और बुधवार की रात्रि में जारी की है। इसी अधिसूचना के क्रम में मध्यप्रदेश में इंदौर और भोपाल के पुलिस आयुक्तों और समस्त ज़िला कलेक्टरों (दंडाधिकारियों) को अपने-अपने क्षेत्राधिकार में इस अधिनियम की धारा सात और धारा आठ के अधिकारों के उपयोग के लिए अधिकृत करने संबंधी अधिसूचना आज राज्य सरकार के गृह विभाग की ओर से राजपत्र में प्रकाशित कर दी गयी है।
मध्यप्रदेश की शिवराज सिंह चौहान सरकार की ओर से ऐसे तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश के बीच इस संबंध में अधिसूचना राजपत्र में प्रकाशित होने के साथ ही इंदौर और भोपाल के पुलिस आयुक्तों तथा जिलों के प्रशासन को पीएफआई और उसके सहयोगी संगठनों के खिलाफ यूएपीए के तहत कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं।
केन्द्र सरकार ने पीएफआई के अलावा इसके सहयोगी संगठन रिहैब इंडिया फाउंडेशन (आरआईएफ), कैंपस फ्रंट ऑफ इंडिया (सीएफआई), ऑल इंडिया इमाम्स काउंसिल (एआईआईसी), नेशनल कन्फेडरेशन ऑफ ह्यूमन राइट्स ऑर्गेनाइजेशन, नेशनल विमेन फ्रंट, जूनियर फ्रंट, एंपावर इंडिया फाउंडेशन तथा रिहैब फाउंडेशन केरल को यूएपीए के तहत प्रतिबंधित किया है। इसी क्रम में राज्य सरकार की ओर से जारी अधिसूचना के बाद अब प्रशासन इन संगठनों से प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से जुड़े लोगों और संदेहियों से संबंधित स्थानों पर जाकर जांच और अन्य कार्रवाई कर सकेगा।
यूएपीए के तहत इन संगठनों या संदेहियों से संबंधित व्यक्तियों के बैंक खातों और अन्य संदिग्ध गतिविधियों की भी व्यापक छानबीन, जांच और अन्य विधिसम्मत कार्रवाई की जा सकेगी। इसके लिए विस्तार से नियम और उपनियमों का जिक्र यूएपीए की धाराओं में किया गया है। इन विशेष अधिकारों का उपयोग अब जांचकर्ता अधिकारी और उनकी टीम कर सकेगी।
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने हाल ही में केरल और मध्यप्रदेश समेत अनेक राज्यों में छापे की कार्रवाई कर पीएफआई और इससे जुड़े संगठनों के सैकड़ों लोगों को हिरासत में लिया है। इनकी गतिविधियां देशविरोधी क्रियाकलापों में पाए जाने पर एनआईए और संबंधित राज्यों के विशेष पुलिस बल गहन जांच कर रही है। मध्यप्रदेश में भी अब तक पीएफआई से जुड़े 25 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। ये आरोपी मुख्य रूप से इंदौर, उज्जैन, भोपाल, राजगढ, गुना, नीमच, शाजापुर और कुछ अन्य जिलों से गिरफ्तार किए गए हैं। इनके कब्जे से लेपटाप, मोबाइल फोन, अन्य इलेक्ट्रानिक उपकरण और साहित्य आदि भी मिला है।
पीएफआई के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई का मार्ग प्रशस्त, पुलिस आयुक्तों और कलेक्टरों को विशेष अधिकार
