अहमदाबाद : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बुधवार को कहा कि हमारे संतों ने पूरे विश्व को जोड़ने में महती भूमिका निभाई है और वसुधैव कुटुम्बकम की अवधारणा को साकार किया है। श्री मोदी ने यहां स्वामिनारायण संस्थान के संत प्रमुख स्वामी महाराज के शताब्दी समारोह में कहा कि संत स्वामी महाराज सदैव मानव सेवा पर सर्वाधिक जोर देते रहे। स्वामी जी का कहना है कि जीवन का सर्वोच्च लक्ष्य मानव सेवा ही होना चाहिए। उन्होंने कहा कि स्वामी जी से मिलने वाले प्रत्येक व्यक्ति को कुछ न कुछ मिलता था। वह एक समाज सुधारक थे।
उन्होंने हमेशा लोगों के भीतर की अच्छाइयों को प्रोत्साहित किया। वह सामाजिक भेदभाव, ऊंच-नीच आदि सभी सामाजिक बुराइयाें को दूर करने में लगे रहे। प्रधानमंत्री ने कहा कि स्वामी जी का उनके प्रति अगाध स्नेह था, उनके साथ एक अटूट बंधन था। जीवन के कठिन से कठिन समय में उन्हें बुलाते थे या दूरभाष पर बात करते थे। उनके मुख्यमंत्रित्व काल के दौरान उनका सहज नित्य नाता था। स्वामीनारायण के संस्थान के संत प्रमुखस्वामी महाराज के शताब्दी महोत्सव की शुरुआत 15 दिसंबर को होगी और यह लेकर 15 जनवरी तक चलेगा।
