शिलांग : मेघालय के पूर्वी जयंतिया हिल्स जिले में जिला प्रशासन ने भारत-बंगलादेश सीमा से लगे इलाकों में आतंकवादियों और रोहिंगिया की गतिविधियों की आशंका के चलते दंड प्रक्रिया संहित की धारा 144 लागू कर दी गयी है। एक अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी।
अंतरराष्ट्रीय सीमा पर तस्करी के बढ़ते मामलों को रोकने के लिए भी निषेधाज्ञा लागू की गई थी। निषेधाज्ञा के बाद बंगलादेश में अंतरराष्ट्रीय सीमा पार करने या भारतीय क्षेत्र में घुसपैठ करने के इरादे से अंतरराष्ट्रीय सीमा पर लोगों की आवाजाही पर प्रतिबंध रहेगी। इसकी अवधि शाम 06 बजे से सुबह 05 बजे तक रहेगी तथा इस दौरान सार्वजनिक रूप से पैदल या वाहनों या गाड़ियों पर व्यक्तियों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी।
पूर्वी जयंतिया हिल्स के जिला मजिस्ट्रेट ए बरनवाल ने कहा, “ विभिन्न उग्रवादी संगठनों के सदस्य और रोहिंग्या भी रात के दौरान भारतीय क्षेत्र में घुसने की कोशिश कर सकते हैं, जिससे राज्य की सुरक्षा पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।” श्री बरनवाल ने बताया कि हाल ही में भारतीय सीमा में घुसपैठ करने वाले बंगलालादेशी नागरिकों द्वारा उमकियांग गांव में रहने वाले एक व्यक्ति की नृशंस हत्या कर दी गई थी।
उन्होंने कहा कि बीएसएफ ने उन्हें सूचित किया था कि यह क्षेत्र मवेशियों और प्रतिबंधित सामग्री तथा अन्य वस्तुएँ जैसे सुपारी, सूखी मछली, बीड़ी, सिगरेट, चायपत्ती के अलावा अन्य साजोसामान की तस्करी के लिए अत्यधिक संवेदनशील है। बीएसएफ से रिपोर्ट मिली है कि तस्कर और अन्य राष्ट्र-विरोधी तत्व उपरोक्त सामानों को भारत से बंगलादेश और इसके विपरीत तस्करी करने के लिए रात के समय अंतर्राष्ट्रीय सीमा के पास बड़ी संख्या में इकट्ठा होते हैं।
