जयपुर : पीयूष गोयल ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत से देश में लघु उद्योगों को बढ़ावा मिल रहा है। गोयल लघु उद्योग भारती के प्रतिनिधिमंडल के साथ एक बैठक में चर्चा के दौरान रविवार को यहां यह बात कही। उन्होंने कहा कि हमारी प्राथमिकता चायना उत्पाद के स्थान पर भारतीय उत्पादों एवं गुणवत्ता को बढ़ाना रहा है। केंद्र सरकार ने लघु उद्योगों, मध्यम एवं सूक्ष्म उद्योगों में गुणवत्ता नियंत्रण ऑर्डर में समय सीमा में रियायत प्रदान की है।
इस अवसर पर फुटवियर एसोसिएशन सीआई प्रतिनिधि ने देश की फुटवियर इंडस्ट्री में आये क्रांतिकारी परिवर्तन के लिए केंद सरकार की नीतियों की सराहना की। श्री गोयल ने लघु उद्योग भारती द्वारा तीन दिवसीय 15, 16 एवं 17 सितंबर को भीलवाड़ा में आयोजित होने वाले इंडिया इंडस्ट्रियल फेयर के पोस्टर का विमोचन भी किया। बैठक में लघु उद्योग भारती के राष्ट्रीय संगठन मंत्री प्रकाश चंद, राष्ट्रीय पोषण अध्यक्ष योगेश गौतम प्रदेश उपाध्यक्ष महेंद्र खुराना, फुटवियर एसोसिएशन के अध्यक्ष जितेंद्र चुग, भीलवाड़ा लघु उद्योग भारती के अध्यक्ष महेश हुरकुट मौजूद थे
गोयल ने खंडेलवाल बालिका महाविद्यालय में जयपुर शहर के वरिष्ठ एवं युवा कार्यकर्ताओं के साथ टिफिन बैठक के माध्यम से सहभोज किया। इस दौरान उन्होंने कार्यकर्तओं से बातचीत करते हुए कहा कि साथ में इस तर्ज पर सैकड़ों टिफिन बैठकें हो रही हैं, प्रधानमंत्री ने सुझाव दिया था कि कार्यकर्ताओं के साथ घर से टिफिन लाकर सहभोज से आत्मीयता का भाव बढ़ता है, यह केवल औपचारिक बैठक नही वरन् आपसी मेलजोल बढाने का माध्यम बन चुकी है, भाजपा राष्ट्र प्रथम, फिर पार्टी और फिर स्वयं के विचार को आत्मसात किया है।
गोयल ने जयपुर स्थित चेंबर ऑफ कॉमर्स में व्यापारी कल्याण द्वारा आयोजित व्यापारी सम्मेलन में भी भाग लिया। इसमें व्यापारियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि देश में आदिवासी इलाकों में आभूषण, कला उद्योग कार्य करने वाले जैसे लोगों को पद्म अवार्ड दिए जा रहे है, देशभर में व्यापारियों के द्वारा सरकार की नीतियों में सहभागिता बढ़ी है।
आज केंद्र में एक ऐसी सरकार है जो व्यापारियों से सुझाव लेती है और व्यापक स्तर पर व्यापारियों की सहभागिता केंद्र की नीतियों में देखने को मिल रही है, केंद्र सरकार ईज ऑफ डूइंग वर्क पर इज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा दे रही है। व्यापारी समाज का महत्वपूर्ण अंग है यदि व्यापारी के व्यापार में सुगमता होगी तो इससे निश्चित ही समाज में भी परिवर्तनकारी बदलाव आएंगे और इस दिशा में केंद्र सरकार बड़े बदलाव लाते हुए नित नए कदम उठा रही है।
