हैदराबाद : तेलंगाना के शहर हैदराबाद की पुलिस ने एक संयुक्त अभियान में तीन गांजा तस्करों को गिरफ्तार किया और उनके पास से 130 किलोग्राम गांजा, दो कारें और तीन सेल फोन जब्त किये। विश्वसनीय सूचना पर कार्रवाई करते हुए, टास्क फोर्स आयुक्त ने बोवेनपल्ली पुलिस के साथ मिलकर जीदीमेटला निवासी और राजस्थान के मूल निवासी जय सिंह भाटी (44), रूप चंद कछावा (27) और प्रेम कुमार परमार (35) को पकड़ लिया।
पुलिस द्वारा मंगलवार को जारी एक बयान के अनुसार,तीनों आरोपी सोमवार को राजमुंदरी से दो कारों में गांजा लेकर आये थे और उसकी मेडचल के बोवेनपल्ली थाना क्षेत्र स्थित डायमंड पॉइंट पर तस्करी की कोशिश कर रहे थे।
जांच के दौरान यह पता चला कि जय सिंह भाटी 16 साल से जीडीमेटला के सुभाष नगर में तिरुमाला नूडल्स चला रहा थाा और एक साल से मेडक के कुचारम में एक खच्चर फार्म के मालिक भी थे। परमार खच्चर फार्म में उसका साझेदार था और रूपचंद उसका घनिष्ठ मित्र था। अपने व्यवसायों में नुकसान और पैसे की तंगी होने के कारण उन्होंने जल्द पैसे कमाने के लिए गांजा की तस्करी शुरू कर दी।
सभी आरोपी लगभग चार महीने पहले मांगीलाल और धर्मेंद्र से जुड़े, जिन्होंने उन्हें राजमुंदरी में आपूर्तिकर्ता रंजन से गांजा खरीदने की जानकारी दी। आरोपियों ने उच्च मांग का हवाला देते हुए हैदराबाद में गांजा खरीदने और बेचने में सहायता की बात की। रंजन से गांजा खरीदने के लिए प्रत्येक आरोपी ने दो-दो लाख यानी कुल छह लाख रुपये एकत्र किये। भाटी की दो कारों का उपयोग करके वे छह जनवरी 2024 को राजमुंदरी गए।
राजमुंदरी पहुंचकर मांगीलाल और धर्मेंद्र ने आरोपियों से छह लाख रुपए ले लिए। उन्होंने गांजा आपूर्तिकर्ता रंजन से संपर्क किया और 5.20 लाख रुपये में 67 पैकेट खरीदे, जिनमें से प्रत्येक में लगभग दो किलोग्राम गांजा था। इसमें मांगीलाल और धर्मेंद्र को 40-40 हजार रुपए कमीशन मिला।
मांगीलाल और धर्मेंद्र के अपनी कार से रवाना हो जाने के बाद भाटी ने एक अपंजीकृत मारुति स्विफ्ट कार की डिकी में 27 गांजा पैकेट लोड किए, जबकि रूप चंद और परमार ने एक महिंद्रा बोलेरो पिक-अप ट्रक के पीछे 40 पैकेट लोड किए।
भाटी, रूप चंद और परमार ने हैदराबाद में दोगुनी कीमत (1,500 रुपये प्रति 100 ग्राम) पर गांजा बेचने का इरादा किया था और उन्हें सोमवार को बोवेनपल्ली पुलिस और टास्क फोर्स आयुक्त दक्षिण-पूर्व जोन टीम द्वारा डायमंड पॉइंट बोवेनपल्ली में रंगे हाथों पकड़ लिया गया। मुख्य आपूर्तिकर्ता रंजन एवं अन्य आरोपी मांगीलाल और धर्मेंद्र फिलहाल फरार हैं।
गांजे के साथ तीन तस्कर गिरफ्तार
