कोलकाता : पश्चिम बंगाल में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भूषण स्टील की लगभग 367 करोड़ रुपये की चल और अचल संपत्ति जब्त की है। आधिकारिक सूत्रों ने रविवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और ओडिशा के चार क्षेत्रों में यह सम्पति फैली हुई हैं। यह कुर्की 06 मार्च को धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत की गई।
ईडी ने एक बयान में कहा, ”संपत्ति को छुपाने और यह सुनिश्चित करने के लिए कि वे कानून प्रवर्तन एजेंसियों की पहुंच से बाहर हैं, कुर्क की गई संपत्तियां डमी निदेशकों के माध्यम से बेनामीदारों/शेल संस्थाओं के नाम पर रखी गई थीं।” संघीय एजेंसी ने भूषण स्टील लिमिटेड के खिलाफ गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय (एसएफआईओ) द्वारा दायर अभियोजन शिकायत के आधार पर जांच शुरू की।
एजेंसी की जांच से पता चला कि पूर्ववर्ती भूषण स्टील लिमिटेड और उसके प्रबंध निदेशक, नीरज सिंगल और सहयोगियों ने कई फर्जी कंपनियां बनाईं। उन्होंने कई संस्थाओं की श्रृंखला के माध्यम से फंड को एक कंपनी से दूसरी कंपनी में घुमाया एवं कथित तौर पर धन को संपत्ति खरीदने और अन्य व्यक्तिगत उद्देश्यों के लिए उपयोग किया था।
एजेंसी ने कहा कि जांच में आगे पता चला कि प्रमोटरों/निदेशकों और बीएसएल के अधिकारियों ने जाली दस्तावेज तैयार किए और लेटर ऑफ क्रेडिट (एलसी) पर छूट देने के लिए बैंकों के समक्ष फर्जी अभ्यावेदन दिए और गलत इरादों से धन को अपनी कंपनियों में वापस भेज दिया।
उन्होंने कहा ”जेएसडब्ल्यू स्टील लिमिटेड और हिंदुस्तान जिंक लिमिटेड के पक्ष में बनाए गए फर्जी एलसी के खिलाफ धन का दुरुपयोग किया गया था। जिससे भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) और पंजाब नेशनल बैंक को नुकसान हुआ।” ईडी ने इससे पहले 08 नवबंर 2021 को 61़ 38 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की थी और 09 जून, 2023 को नीरज सिंगल पर एक तलाशी अभियान भी चलाया गया और उन्हें उसी दिन ईडी ने गिरफ्तार कर लिया।
नीरज सिंगल फिलहाल न्यायिक हिरासत में हैं। उनके और अन्य आरोपी व्यक्तियों के खिलाफ 08 अगस्त, 2023 को अभियोजन शिकायत दर्ज की गई थी और 7 नवंबर, 2023 को पीएमएलए अदालत द्वारा संज्ञान लिया गया था। ईडी ने 13 सितंबर, 2023 को बीएसएल के कुछ व्यक्तियों के संबंध में एक और तलाशी अभियान चलाया , जिनकी बैंक धोखाधड़ी में महत्वपूर्ण भूमिका थी। तलाशी कार्रवाई दौरान महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य और कीमती सामान जब्त किए गए।
ईडी ने नीरज सिंगल के बहनोई अजय मित्तल एवं उनकी बहन अर्चना मित्तल , नितिन जौहरी (भूषण स्टील के तत्कालीन सीएफओ), प्रेम तिवारी (तत्कालीन उपाध्यक्ष, बैंकिंग) और तत्कालीन उपाध्यक्ष लेखा , प्रेम अग्रवाल को भी गिरफ्तार किया।
उन्होंने बताया कि अजय मित्तल और अर्चना मित्तल ने जानबूझकर अपराध से 80 करोड़ रुपये की आय प्राप्त की। उन्होंने बीएसएल की संपत्ति को भी गिरवी रख दिया और धन को नीरज सिंगल के परिवार को दे दिया। वर्तमान में, अर्चना मित्तल को अदालत से जमानत मिल गई है। अन्य सभी आरोपी न्यायिक हिरासत में हैं।
भूषण स्टील की करोड़ों की संपत्ति जब्त
