गौरवशाली भारत

देश की उम्मीद ‎‎‎ ‎‎ ‎‎ ‎‎ ‎‎

कांग्रेस, इंडी गठबंधन बताएं उनका प्रधानमंत्री कौन

ग्वालियर/मुरैना : शिवराज सिंह चौहान ने आज कांग्रेस और उसके इंडी गठबंधन पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस और इंडी गठबंधन को बताना चाहिए की उनका प्रधानमंत्री कौन बनेगा।
श्री चौहान ने ग्वालियर और मुरैना लोकसभा क्षेत्रों में जनसभाओं को संबोधित किया। साथ ही ग्वालियर में रोड-शो किया। श्री चौहान ने ग्वालियर से भाजपा प्रत्याशी भारत सिंह कुशवाह और मुरैना से भाजपा उम्मीदवार शिवमंगल सिंह तोमर के समर्थन में जनसभाओं को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि चुनाव में तीन चीज़ों पर विचार किया जाता है। सबसे पहले तो ये देखा जाता है कि, प्रधानमंत्री कौन बनेगा। भारतीय जनता पार्टी में तो तय है कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हैं और श्री मोदी ही बनेंगे, लेकिन कांग्रेस और इंडी गठबंधन बताएं कि, उनका प्रधानमंत्री कौन है। उन्होंने एक उदाहरण देते हुए कहा कि, गर्मी के दिन हैं अगर हम बाजार में मटका भी खरीदने जाते हैं तो ठोक-बजा कर देखते हैं कि, कहीं से रिस तो नहीं रहा है। हम कोई भी चीज़ देख परख कर लेते हैं। इसलिए कांग्रेस और इंडी गठबंधन ये तो बताएं कि, श्री मोदी के मुकाबले कौन हैं। दूसरी चीज़ देखी जाती है पार्टी, तो भारतीय जनता पार्टी नंबर वन पार्टी है और तीसरी चीज़ देखी जाती है कि, हमारा उम्मीदवार कैसा है तो भाजपा के उम्मीदवार विकास में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि, ओवरसीज़ कांग्रेस के अध्यक्ष सैम पित्रोदा कह रहें हैं कि भारत में भी अमेरिका की तरह विरासत कानून लागू किया जाना चाहिए। श्री पित्रोदा राजीव गांधी के भी सलाहकार रहे है। सैम पित्रोदा जैसे लोग ही कांग्रेस को विचार देते हैं, जिनको कांग्रेस क्रियान्वित करती है। अमेरिका में विरासत कानून के तहत माता-पिता की मृत्यू के बाद सम्पत्ति का 55 प्रतिशत हिस्सा सरकार रख लेती है और बच्चों को 45 प्रतिशत हिस्सा ही दिया जाता है।
श्री चौहान ने कहा कि, ये कहां कि सोच है, ये भारत है अमेरिका नहीं। भारत अपनी सनातन परंपराओं से ही चलेगा। यहां गरीब माँ-बाप अपना पेट काट काटकर थोड़े पैसे इसलिए बचाते हैं कि, उनकी मृत्यु के बाद बच्चों को कुछ देकर जा सकें, और कांग्रेस उनसे ये भी छीन लेना चाहती है। कांग्रेस आर्थिक और सामाजिक सर्वेक्षण की बात करती है, वो देश को कितने टुकड़ों में बांटना चाहते हैं। पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी और राहुल गांधी को ये स्पष्ट करना पड़ेगा कि उनके असली इरादे क्या हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *