लखनऊ में महिला सशक्तीकरण को लेकर एक बड़ी पदयात्रा आयोजित की गई, जिसमें हजारों महिलाओं ने भाग लेकर अपनी एकजुटता दिखाई। यह मार्च मुख्यमंत्री आवास से विधानसभा तक निकाला गया, जिसमें प्रदेश सरकार की कई महिला मंत्री और अन्य वरिष्ठ नेता शामिल हुए।
इस दौरान महिलाओं ने विपक्षी दलों के खिलाफ नाराजगी जताई और आगामी चुनावों में अपनी ताकत दिखाने का संदेश दिया। कार्यक्रम में नेताओं ने महिलाओं से एकजुट रहने और अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाने की अपील की।
सभा को संबोधित करते हुए विभिन्न नेताओं ने कहा कि महिलाओं के मुद्दों पर राजनीति नहीं होनी चाहिए और उन्हें सम्मान व समान अवसर मिलना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले चुनावों में महिलाएं निर्णायक भूमिका निभा सकती हैं।
पदयात्रा में शामिल नेताओं ने महिलाओं से अपील की कि वे अपने मताधिकार का इस्तेमाल सोच-समझकर करें और ऐसे प्रतिनिधियों को चुनें जो उनके हितों की रक्षा करें। कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
इस आयोजन को महिला भागीदारी और राजनीतिक जागरूकता के रूप में देखा जा रहा है, जो आने वाले समय में चुनावी समीकरणों पर असर डाल सकता है।