गुवाहाटी। असम में बाढ़ की स्थिति लगातार गंभीर बनी हुई है। राज्य में पिछले 24 घंटों के दौरान बाढ़ के पानी में डूबने से दो और लोगों की मौत हो गई। इसके साथ ही इस साल बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 100 हो गई है।
असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) के अनुसार, पिछले 24 घंटों में गोलाघाट और कार्बी आंगलोंग जिले में एक-एक व्यक्ति की डूबने से मौत हुई है। राज्य के चराइदेव, दरांग, गोलाघाट, जोरहाट, कार्बी आंगलोंग, नगांव और शिवसागर जिलों में बाढ़ से 1.37 लाख से अधिक लोग प्रभावित हैं।
बाढ़ से सबसे ज्यादा प्रभावित जिलों में गोलाघाट शामिल है। यहां करीब 70 हजार लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। प्रशासन की ओर से छह जिलों में 125 राहत शिविर और राहत वितरण केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। इन राहत शिविरों में करीब 49,061 लोगों ने शरण ली है।
बाढ़ के कारण राज्य के 456 गांव अभी भी जलमग्न हैं। इसके अलावा करीब 11,933.46 हेक्टेयर कृषि भूमि को नुकसान पहुंचा है। बाढ़ के पानी ने कई जिलों में तटबंधों, सड़कों, पुलों और अन्य बुनियादी ढांचे को भी प्रभावित किया है।
प्रशासन की ओर से प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्य जारी है। राहत शिविरों में लोगों को भोजन और अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
बाढ़ की गंभीर स्थिति के बीच कई नदियां अब भी खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। गोलाघाट और नुमालीगढ़ में धनसिरी नदी, जबकि श्रीभूमि में कुशियारा नदी खतरे के स्तर से ऊपर बह रही है।
लगातार जलस्तर बढ़ने और कई गांवों के जलमग्न होने से स्थानीय लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों को तेज किया जा रहा है।