नई दिल्ली। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) के संस्थापक इमरान खान को लेकर सोशल मीडिया और पाकिस्तानी मीडिया में चल रही मौत की खबरों ने राजनीतिक हलचल तेज कर दी है। जेल में बंद इमरान खान की तबीयत और उनसे मुलाकात की अनुमति को लेकर पहले से ही सवाल उठ रहे थे। इसी बीच एक पाकिस्तानी पत्रकार के दावे के बाद यह चर्चा और तेज हो गई कि क्या अडियाला जेल में बंद पूर्व प्रधानमंत्री की मौत हो चुकी है।
हालांकि, इमरान खान की मौत की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इसके उलट पाकिस्तान की सेना ने 12 अगस्त 2026 को सामने आई इन अफवाहों को खारिज किया है। रिपोर्टों के मुताबिक, पत्रकार वजाहत खान की ओर से सामने आए दावे के बाद पाकिस्तानी सैन्य प्रतिष्ठान की ओर से असामान्य रूप से सार्वजनिक प्रतिक्रिया दी गई और इमरान खान की मौत की खबरों को गलत बताया गया।
तीन वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों के दावे से बढ़ा विवाद
पूरे मामले की शुरुआत उस दावे से हुई, जिसमें पाकिस्तानी पत्रकार वजाहत सईद खान ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा कि उन्हें तीन वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों से ऐसी जानकारी मिली है, जिससे इमरान खान की स्थिति को लेकर गंभीर चिंता पैदा हुई। हालांकि, पत्रकार ने यह भी स्पष्ट किया कि इन अधिकारियों ने स्वयं इमरान खान को मृत नहीं देखा था और यह दावा प्रत्यक्ष पुष्टि पर आधारित नहीं था।
यही वजह है कि इस दावे को लेकर पाकिस्तान में राजनीतिक और मीडिया हलकों में सवाल उठने लगे। एक ओर इमरान खान की पार्टी PTI लगातार उनके स्वास्थ्य, जेल में रहने की परिस्थितियों और परिवार से मुलाकात को लेकर चिंता जताती रही है, वहीं दूसरी ओर उनकी मौत की खबर ने पूरे मामले को और संवेदनशील बना दिया।
पाकिस्तानी सेना ने अफवाहों को बताया गलत
मौत की खबरों के बीच सबसे महत्वपूर्ण घटनाक्रम पाकिस्तान की सेना की प्रतिक्रिया रही। रिपोर्ट के अनुसार, सैन्य प्रतिष्ठान ने इमरान खान की मौत से संबंधित खबरों को खारिज किया। यह प्रतिक्रिया इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि आमतौर पर जेल में बंद किसी राजनीतिक नेता को लेकर सोशल मीडिया पर चल रही हर अफवाह पर सैन्य संस्थान की ओर से सार्वजनिक प्रतिक्रिया देखने को नहीं मिलती।
इससे फिलहाल इतना स्पष्ट है कि इमरान खान की मौत की खबर को पुष्ट खबर नहीं माना जा सकता। जब तक पाकिस्तान सरकार, जेल प्रशासन या किसी अधिकृत चिकित्सकीय स्रोत की ओर से आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आती, तब तक ऐसे दावों को लेकर सावधानी बरतना जरूरी है।
2023 से जेल में बंद हैं इमरान खान
इमरान खान अगस्त 2023 से जेल में बंद हैं। उन्हें विभिन्न मामलों में सजा और कानूनी कार्यवाही का सामना करना पड़ा है। वर्तमान में वह रावलपिंडी स्थित अडियाला जेल में बंद हैं। जुलाई 2026 में उनके बेटे ने भी अंतरराष्ट्रीय समुदाय से हस्तक्षेप की अपील करते हुए दावा किया था कि उनके पिता को तत्काल चिकित्सा सहायता की आवश्यकता है।
इमरान खान की जेल में स्थिति को लेकर PTI लंबे समय से सरकार पर सवाल उठाती रही है। पार्टी ने जून 2026 में मांग की थी कि इमरान खान को अस्पताल में स्थानांतरित किया जाए, परिवार, वकीलों और पार्टी नेताओं से नियमित मुलाकात की अनुमति दी जाए तथा उन्हें चिकित्सा जांच और विशेषज्ञ उपचार की सुविधा मिले।
स्वास्थ्य को लेकर पहले भी उठते रहे हैं सवाल
इमरान खान की सेहत को लेकर विवाद नया नहीं है। मई 2026 में अडियाला जेल में उनके मेडिकल चेकअप की खबर सामने आई थी। रिपोर्ट के मुताबिक, डॉक्टरों और पाकिस्तान इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज की मेडिकल टीम ने उनका स्वास्थ्य परीक्षण किया था।
जून में PTI की ओर से यह भी कहा गया था कि इमरान खान को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया और बाद में उन्हें वापस अडियाला जेल भेज दिया गया। पार्टी ने इसके बाद उन्हें अस्पताल में स्थानांतरित करने और परिवार से मुलाकात की अनुमति देने की मांग दोहराई थी।
वहीं फरवरी 2026 में PTI के वकील सलमान सफदर ने जेल में इमरान खान से मुलाकात के बाद कहा था कि वह ठीक और स्वस्थ दिखाई दे रहे थे। यह मुलाकात सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद हुई थी और लगभग तीन घंटे चली थी।
परिवार और पार्टी की मुलाकात को लेकर विवाद
इमरान खान से परिवार और पार्टी नेताओं की मुलाकात लंबे समय से पाकिस्तान की राजनीति का बड़ा मुद्दा रही है। PTI का आरोप है कि मुलाकातों पर प्रतिबंध और सीमित संपर्क के कारण उनके स्वास्थ्य को लेकर अनिश्चितता बढ़ती है।
जून में पार्टी ने विशेष रूप से परिवार, वकीलों और राजनीतिक सहयोगियों से साप्ताहिक मुलाकात की अनुमति बहाल करने की मांग की थी। पार्टी ने इसे किसी विशेष सुविधा की मांग नहीं, बल्कि बुनियादी अधिकार बताया था।
मार्च 2026 में बुशरा बीबी को अडियाला जेल में इमरान खान से करीब 30 मिनट मिलने की अनुमति मिली थी। इस मुलाकात में उनके स्वास्थ्य और आंखों के उपचार से संबंधित विषयों पर चर्चा होने की जानकारी सामने आई थी।
PTI की राजनीति पर भी पड़ सकता है असर
इमरान खान की मौत की अपुष्ट खबर ऐसे समय सामने आई है जब PTI पहले से ही सरकार के खिलाफ राजनीतिक आंदोलन चला रही है। पार्टी ने अगस्त 2026 में इमरान खान की जेल में कैद के तीन साल पूरे होने के मौके पर राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया था।
ऐसे में इमरान खान की सेहत या उनकी जेल स्थिति से जुड़ी कोई भी खबर पाकिस्तान की राजनीति पर तत्काल असर डाल सकती है। यदि भविष्य में उनके स्वास्थ्य को लेकर कोई आधिकारिक मेडिकल रिपोर्ट या सरकारी बयान सामने आता है, तो वह इस पूरे विवाद में निर्णायक साबित हो सकता है।
फिलहाल क्या है सच्चाई?
फिलहाल उपलब्ध विश्वसनीय रिपोर्टों के आधार पर इमरान खान की मौत की पुष्टि नहीं हुई है। तीन वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों से जुड़े कथित दावे को प्रत्यक्ष पुष्टि प्राप्त नहीं है और पाकिस्तान की सेना ने मौत की अफवाहों को खारिज किया है।
इसलिए सोशल मीडिया पर वायरल हो रही किसी भी पोस्ट या वीडियो को बिना आधिकारिक पुष्टि के सच मानना उचित नहीं होगा। इमरान खान की वास्तविक स्थिति को लेकर अंतिम और विश्वसनीय जानकारी पाकिस्तान सरकार, अडियाला जेल प्रशासन, अधिकृत चिकित्सकों या उनके वकीलों के आधिकारिक बयान से ही स्पष्ट हो सकेगी।
इमरान खान की मौत को लेकर मची सनसनी फिलहाल अपुष्ट दावों पर आधारित है। पाकिस्तान की सेना ने ऐसी खबरों को गलत बताया है। हालांकि, जेल में उनकी सेहत और मुलाकातों को लेकर पहले से जारी विवाद के कारण यह मामला राजनीतिक रूप से बेहद संवेदनशील बना हुआ है।