नई दिल्ली: सोमवार को जंतर-मंतर से संसद तक निकाले गए प्रदर्शन मार्च के दौरान राजधानी में तनावपूर्ण स्थिति बन गई। प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच कई जगह झड़प हुई, जिसके बाद पुलिस ने भीड़ को रोकने के लिए बैरिकेडिंग, आंसू गैस और बल प्रयोग किया। दोनों पक्षों की ओर से कई लोगों के घायल होने की खबर है।
प्रदर्शन के दौरान कुछ प्रदर्शनकारी बैरिकेड पार कर संसद की ओर बढ़ने लगे, जिसके बाद संसद परिसर की सुरक्षा बढ़ा दी गई और मुख्य प्रवेश द्वारों पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए। देर शाम कुछ स्थानों से पथराव की घटनाएं भी सामने आईं।
प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे संगठन कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे निहत्थे लोगों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया और आंसू गैस के गोले दागे। संगठन का दावा है कि इस कार्रवाई में कई प्रदर्शनकारी घायल हुए।
वहीं पुलिस का कहना है कि प्रदर्शन के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक कदम उठाए गए। अधिकारियों के अनुसार, झड़पों में 118 से अधिक पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं।
शाम तक पुलिस ने जंतर-मंतर क्षेत्र खाली करा दिया था, लेकिन देर रात करीब 11 बजे प्रदर्शनकारी दोबारा जंतर-मंतर पहुंचे और आंदोलन फिर शुरू कर दिया। संगठन ने ऐलान किया कि उनकी मांगें पूरी होने तक प्रदर्शन जारी रहेगा।
प्रदर्शन के बीच सोनम वांगचुक ने अपना अनशन समाप्त करने से इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि प्रदर्शनकारियों के साथ पुलिस की कार्रवाई अनुचित थी और जब तक उनकी मांगों पर ठोस कदम नहीं उठाया जाता, तब तक उनका अनशन जारी रहेगा।
हालांकि, आंदोलन से जुड़े अभिजीत दीपके समेत कुछ अन्य अनशनकारियों ने अपना अनशन समाप्त कर दिया।
प्रदर्शनकारी प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात कर अपनी प्रमुख मांगें रखीं। इनमें सोनम वांगचुक की रिहाई, केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे तथा कथित रूप से जान गंवाने वाले NEET अभ्यर्थियों के परिवारों के लिए मुआवजे की मांग शामिल बताई गई।
दिल्ली हाईकोर्ट में दायर याचिका पर सुनवाई के दौरान अदालत ने सोनम वांगचुक की स्वास्थ्य स्थिति पर रिपोर्ट तलब की है। मामले की अगली सुनवाई निर्धारित तिथि पर होगी।
घटनाक्रम के बाद दिल्ली पुलिस ने राजधानी की सीमाओं और संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा कड़ी कर दी है। सिंघु, टिकरी, धांसा, कापसहेड़ा, नजफगढ़ सहित कई बॉर्डर पॉइंट्स पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।