पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी में हुए विधानसभा चुनावों के नतीजों की गिनती के साथ ही राजनीतिक तस्वीर तेजी से साफ होती दिख रही है। शुरुआती रुझानों में कई राज्यों में चौंकाने वाले संकेत मिले हैं, जिनमें सबसे बड़ा उलटफेर तमिलनाडु से सामने आ रहा है।
तमिलनाडु में अभिनेता विजय की पार्टी TVK ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 100 सीटों का आंकड़ा पार कर लिया है और बहुमत के बेहद करीब पहुंचती दिख रही है। यह राज्य की राजनीति में बड़ा बदलाव माना जा रहा है, जहां अब तक DMK और AIADMK का दबदबा रहा है। फिलहाल DMK और AIADMK दोनों ही पीछे चल रही हैं।
पश्चिम बंगाल में मुकाबला बेहद दिलचस्प रहा, लेकिन ताजा रुझानों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने बढ़त बनाते हुए बहुमत का आंकड़ा पार कर लिया है। बीजेपी करीब 147 सीटों पर आगे चल रही है, जबकि सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) लगभग 99 सीटों पर सिमटती नजर आ रही है। हालांकि शुरुआती दौर में दोनों दलों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली थी और कुछ समय के लिए दोनों 103-103 सीटों पर बराबरी पर भी पहुंच गए थे।

राज्य की हाई-प्रोफाइल सीटों पर भी दिलचस्प मुकाबला देखने को मिल रहा है। नंदीग्राम से शुभेंदु अधिकारी बढ़त बनाए हुए हैं, जबकि भवानीपुर सीट से मुख्यमंत्री ममता बनर्जी आगे चल रही हैं। बीजेपी के कई बड़े चेहरे जैसे स्वपन दासगुप्ता और निशीथ प्रमाणिक भी अपनी-अपनी सीटों पर बढ़त बनाए हुए हैं।
असम में बीजेपी एक बार फिर सरकार बनाने के करीब नजर आ रही है। शुरुआती रुझानों में पार्टी 60 से अधिक सीटों पर आगे चल रही है, जबकि कांग्रेस काफी पीछे दिखाई दे रही है। इससे संकेत मिलते हैं कि बीजेपी राज्य में लगातार तीसरी बार सत्ता में लौट सकती है।
केरल में मुकाबला अपेक्षाकृत करीबी बना हुआ है। यहां कांग्रेस के नेतृत्व वाला यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (UDF) शुरुआती बढ़त बनाए हुए है, जबकि लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (LDF) भी कड़ी टक्कर दे रहा है। कांग्रेस नेता शशि थरूर ने इन रुझानों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि राज्य में बदलाव की जरूरत है और आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए ठोस कदम उठाने होंगे।
पुडुचेरी में भी बीजेपी गठबंधन मजबूत स्थिति में नजर आ रहा है और वह स्पष्ट बढ़त बनाए हुए है।
कुल मिलाकर, इन चुनावों में जहां बंगाल और असम में बीजेपी का प्रदर्शन मजबूत दिख रहा है, वहीं तमिलनाडु में TVK का उभार सबसे बड़ी राजनीतिक कहानी बनकर उभरा है। हालांकि ये सभी आंकड़े अभी शुरुआती रुझानों पर आधारित हैं और अंतिम नतीजों के लिए चुनाव आयोग की आधिकारिक घोषणा का इंतजार किया जा रहा है।