नयी दिल्लीः दिल्ली के निकट रेलवे नेटवर्क पर मंगलवार सुबह बड़ा परिचालन व्यवधान उस समय पैदा हो गया, जब गाजियाबाद–नई दिल्ली रेलखंड पर एक मालगाड़ी के छह भरे हुए डिब्बे पटरी से उतर गए। घटना के बाद रेलवे ने सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए राहत और बहाली का कार्य तुरंत शुरू कर दिया। इस हादसे के चलते 85 से अधिक यात्री ट्रेनों के संचालन पर असर पड़ा है।
यह रेलखंड देश के सबसे व्यस्त दिल्ली–हावड़ा मुख्य रेल मार्ग का हिस्सा है, जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में यात्री और मालगाड़ियां संचालित होती हैं। हादसे के बाद रेलवे अधिकारियों और तकनीकी टीमों को तुरंत मौके पर भेजा गया। पटरियों को जल्द से जल्द दुरुस्त करने और रेल यातायात सामान्य करने के लिए युद्धस्तर पर काम शुरू कर दिया गया है।
उत्तरी रेलवे के अधिकारियों के अनुसार, दुर्घटना में किसी यात्री या रेलकर्मी के हताहत अथवा घायल होने की सूचना नहीं है। चूंकि हादसा मालगाड़ी के साथ हुआ, इसलिए बड़ा मानवीय नुकसान टल गया। हालांकि, रेल परिचालन पर इसका व्यापक असर पड़ा है।
रेलवे ने परिचालन व्यवस्था बनाए रखने के लिए कई ट्रेनों को रद्द, कुछ को आंशिक रूप से संचालित, कई ट्रेनों के मार्ग परिवर्तित किए हैं, जबकि कुछ ट्रेनों को प्रभावित रेलखंड पर धीमी गति से चलाया जा रहा है। इससे दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल की ओर यात्रा करने वाले हजारों यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
रेलवे ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा शुरू करने से पहले अपनी ट्रेन की स्थिति की आधिकारिक जानकारी अवश्य प्राप्त करें। अधिकारियों का कहना है कि ट्रैक की मरम्मत और परिचालन बहाल होने तक आवश्यकतानुसार ट्रेनों के संचालन में बदलाव जारी रह सकता है।
रेलवे प्रशासन लगातार स्थिति की निगरानी कर रहा है और प्रभावित यात्रियों को कम से कम असुविधा हो, इसके लिए वैकल्पिक परिचालन व्यवस्था पर भी काम किया जा रहा है।