आईपीएल 2026 में चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) की प्लेऑफ की राह अब बेहद कठिन हो गई है। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ चेपॉक में मिली हार के बाद टीम का समीकरण पूरी तरह बिगड़ चुका है। अब स्थिति ऐसी है कि सिर्फ अपने दम पर जीत हासिल करना ही काफी नहीं होगा, बल्कि दूसरी टीमों के नतीजों पर भी चेन्नई की किस्मत निर्भर करेगी।
सीएसके ने इस सीजन में 13 मुकाबले खेले हैं, जिसमें टीम के खाते में सिर्फ 12 अंक हैं। लगातार दो हार के बाद टीम अंक तालिका में छठे स्थान पर पहुंच गई है। वहीं रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु, गुजरात टाइटंस और सनराइजर्स हैदराबाद पहले ही प्लेऑफ के लिए क्वालिफाई कर चुकी हैं। अब सिर्फ एक जगह बची है, जिसके लिए कई टीमों के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिल रही है।
चेन्नई सुपर किंग्स का आखिरी लीग मुकाबला 21 मई को गुजरात टाइटंस के खिलाफ अहमदाबाद में खेला जाएगा। यह मैच टीम के लिए करो या मरो जैसा होगा। अगर CSK यहां हार जाती है, तो प्लेऑफ की उम्मीदें पूरी तरह खत्म हो जाएंगी।
हालांकि सिर्फ जीत भी काफी नहीं होगी। चेन्नई को बड़े अंतर से मुकाबला जीतना होगा ताकि नेट रन रेट में फायदा मिल सके। मौजूदा समय में कई टीमें बराबरी के अंकों के आसपास हैं और ऐसे में नेट रन रेट बड़ा फैक्टर साबित हो सकता है।
सीएसके के फैंस अब सिर्फ अपनी टीम की जीत नहीं, बल्कि पंजाब किंग्स की हार की भी उम्मीद करेंगे। पंजाब किंग्स अगर अपना आखिरी मुकाबला जीत जाती है, तो वह चेन्नई से आगे निकल जाएगी और CSK का प्लेऑफ का सपना टूट सकता है।
ऐसे में चेन्नई को उम्मीद होगी कि लखनऊ सुपर जायंट्स, पंजाब को हराकर उसका रास्ता थोड़ा आसान करे। यही वजह है कि अब चेन्नई के समर्थकों की नजर दूसरे मुकाबलों पर भी रहने वाली है।
राजस्थान रॉयल्स और कोलकाता नाइट राइडर्स भी अभी प्लेऑफ की दौड़ में बनी हुई हैं। इन दोनों टीमों के पास अभी दो-दो मैच बाकी हैं। अगर इनमें से कोई भी टीम लगातार दोनों मुकाबले जीत लेती है, तो चेन्नई के लिए समीकरण और मुश्किल हो जाएंगे।
यानी कुल मिलाकर देखा जाए तो CSK की प्लेऑफ उम्मीदें अब “अगर-मगर” पर टिकी हुई हैं। टीम को पहले अपना मैच बड़े अंतर से जीतना होगा और फिर दूसरी टीमों के नतीजों का इंतजार करना पड़ेगा। अब देखना दिलचस्प होगा कि क्या धोनी की टीम आखिरी वक्त पर कोई चमत्कार कर पाती है या नहीं।