दिल्ली में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने छात्रों से जुड़े मुद्दों को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि सरकार को छात्रों की समस्याओं और मांगों को गंभीरता से सुनना चाहिए तथा संवाद के माध्यम से उनका समाधान निकालना चाहिए।
अखिलेश यादव ने कहा कि लोकतंत्र में युवाओं और छात्रों की आवाज को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उनका कहना था कि यदि छात्र किसी मुद्दे को लेकर अपनी बात रख रहे हैं, तो सरकार की जिम्मेदारी है कि वह उनकी चिंताओं को समझे और सकारात्मक तरीके से समाधान तलाशे।
सपा अध्यक्ष ने सरकार से आग्रह किया कि वह अहंकार छोड़कर काम करे और जनता, विशेषकर छात्रों के हितों को प्राथमिकता दे। उन्होंने कहा कि शिक्षा व्यवस्था से जुड़े फैसलों में छात्रों और शिक्षकों की राय को भी महत्व मिलना चाहिए, ताकि नीतियां अधिक प्रभावी और व्यावहारिक बन सकें।
उन्होंने यह भी कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में संवाद सबसे मजबूत माध्यम होता है। सरकार और छात्रों के बीच बेहतर संवाद से कई विवादों का समाधान निकाला जा सकता है। अखिलेश यादव ने जोर देकर कहा कि युवाओं की अपेक्षाओं को समझना और उनके भविष्य से जुड़े मुद्दों पर संवेदनशीलता दिखाना किसी भी सरकार की जिम्मेदारी है। विपक्ष लगातार सरकार से युवाओं और छात्रों की मांगों पर गंभीरता से विचार करने की अपील करता रहा है।