पंचकूला: हरियाणा में बिजली कर्मचारियों की तीन दिवसीय हड़ताल के बीच प्रदेश सरकार ने विवाद को सुलझाने के प्रयास तेज कर दिए हैं। बिजली मंत्री अनिल विज ने कर्मचारियों से हड़ताल वापस लेने की अपील करते हुए कहा कि मामले का समाधान लगभग हो चुका है। उन्होंने उम्मीद जताई कि कर्मचारी नेताओं के साथ होने वाली बैठक में बातचीत के जरिए कोई सहमति बन सकती है। सरकार की ओर से इस विवाद को समाप्त करने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं और आने वाली बैठक को इस दिशा में अहम माना जा रहा है।
पंचकूला स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय पंचकमल पहुंचे बिजली मंत्री अनिल विज ने कहा कि सरकार ने कर्मचारियों से जुड़े इस मामले में अपना पक्ष स्पष्ट कर दिया है। उन्होंने बताया कि इस विषय पर मुख्यमंत्री के साथ भी बातचीत हुई है। सरकार समाधान निकालने के लिए आगे बढ़ रही है और कर्मचारियों को भी हड़ताल समाप्त कर बातचीत के जरिए रास्ता निकालने पर विचार करना चाहिए।
अनिल विज ने कहा कि शुक्रवार दोपहर तीन बजे कर्मचारी नेताओं के साथ बैठक प्रस्तावित है। इस बैठक में हड़ताल से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की जाएगी। उन्हें उम्मीद है कि दोनों पक्षों के बीच बातचीत सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ेगी और विवाद को समाप्त करने का रास्ता निकलेगा। बैठक के बाद मामले की स्थिति अधिक स्पष्ट होने की संभावना है।बिजली मंत्री ने हरियाणा विद्युत नियामक आयोग (एचईआरसी) के फैसले का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि संबंधित फैसले को हरियाणा विद्युत सुधार अधिनियम की धारा 108 के तहत रद्द करने का प्रावधान मौजूद है।
सरकार इसी कानूनी प्रावधान के अनुसार आगे की कार्रवाई कर रही है। उनके मुताबिक, मामले को सुलझाने के लिए कानूनी प्रक्रिया और सरकार के स्तर पर उपलब्ध विकल्पों पर काम किया जा रहा है। प्रदेश में बिजली कर्मचारियों की हड़ताल के कारण बिजली व्यवस्था और आम लोगों को होने वाली परेशानियों को लेकर भी चिंता बनी हुई है। बिजली जैसी आवश्यक सेवा से जुड़े कर्मचारियों की सामूहिक हड़ताल का असर विभागीय कामकाज, शिकायतों के निपटारे और रखरखाव संबंधी कार्यों पर पड़ सकता है।
ऐसे में सरकार के सामने कर्मचारियों की मांगों पर चर्चा करने के साथ-साथ बिजली आपूर्ति को सामान्य बनाए रखने की चुनौती भी है। अनिल विज की अपील से संकेत मिलता है कि सरकार फिलहाल बातचीत के माध्यम से विवाद का हल निकालने को प्राथमिकता दे रही है। कर्मचारी नेताओं के साथ होने वाली बैठक में हड़ताल से जुड़े प्रमुख मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है। हालांकि, हड़ताल वापस लेने को लेकर अंतिम स्थिति बातचीत के परिणाम और दोनों पक्षों के बीच बनने वाली सहमति पर निर्भर करेगी।
बिजली कर्मचारियों की तीन दिवसीय हड़ताल के बीच शुक्रवार की बैठक पर सभी की नजरें टिकी हैं। यदि बातचीत सफल रहती है, तो इससे कर्मचारियों और सरकार के बीच जारी गतिरोध समाप्त करने में मदद मिल सकती है। वहीं, सहमति नहीं बनने की स्थिति में हड़ताल को लेकर आगे की रणनीति महत्वपूर्ण होगी। फिलहाल बिजली मंत्री अनिल विज ने कर्मचारियों से अपील की है कि वे हड़ताल समाप्त करने पर विचार करें और बातचीत के जरिए समाधान निकालने में सहयोग दें।